scorecardresearch
 

जयपुर: GST चोरी में 5 गिरफ्तार, 1004 करोड़ का फर्जी बिल काटा, 146 करोड़ का रिफंड वसूला

इन लोगों ने 25 कंपनियां बनाकर मध्य प्रदेश, तेलंगाना, राजस्थान, दिल्ली और मुंबई समेत कई राज्यों में अपने माल की आवाजाही दिखा कर 1004 करोड़ रुपये के फर्जी बिल काटे थे. इन लोगों ने 146 करोड़ रुपये का गलत तरीके से रिफंड भी लिया था.

Advertisement
X
प्रतीकात्मक तस्वीर
प्रतीकात्मक तस्वीर
स्टोरी हाइलाइट्स
  • जयपुर में GST चोरी का रैकेट
  • फर्जी बिल काटने का गोरखधंधा
  • सरकार से 146 करोड़ रुपये वसूले

राजस्थान में जीएसटी चोरी के एक बड़े मामले का भंडाफोड़ हुआ है. यहां पर जयपुर के वैशाली नगर में रहने वाला एक कारोबारी विष्णु गर्ग कई कंपनियां बनाकर नकली बिल के जरिए जीएसटी की चोरी कर रहा था. जयपुर स्थित डायरेक्टर जनरल ऑफ जीएसटी इंटेलिजेंस ने विष्णु गर्ग के सीए समेत पांच लोगों को गिरफ़्तार किया है.

Advertisement

इन लोगों ने 25 कंपनियां बनाकर मध्य प्रदेश, तेलंगाना, राजस्थान, दिल्ली और मुंबई समेत कई राज्यों में अपने माल की आवाजाही दिखा कर 1004 करोड़ रुपये के फर्जी बिल काटे थे. इन लोगों ने 146 करोड़ रुपये का गलत तरीके से रिफंड भी लिया था.

देखें: आजतक TV LIVE

मास्टर माइंड विष्णु गर्ग के पास जब्त दस्तावेजों से पता चलता है कि अब तक 200 फर्मों का उसने चालान पेश किया है. मुख्यरूप से टिम्बर, स्क्रैप, प्लाइवुड और गोल्ड आदि की खरीद बिक्री से संबंधित बिल इनके पास से बरामद हुए हैं. सबसे ज़्यादा ट्रांजेक्शन पांच कंपनियों के जरिए हुए हैं. 

मेसर्स विकास ट्रेडिंग कंपनी, मेसर्स श्याम ट्रेडर्स, मेसर्स विनायक एसोसिएट्स, मैसर्स एपी एंटरप्राइजेज, मेसर्स बीके इंडस्ट्रीज एंड कॉरपोरेशन नाम की ये कंपनियां बिना वास्तविक आपूर्ति के फर्जी बिल तैयार कर इनपुट क्रेडिट हासिल करने का खेल कर रही थीं. 

Advertisement


 

 

Advertisement
Advertisement