पाकिस्तान के शक्तिशाली सेना प्रमुख जनरल अशफाक परवेज कियानी को सरकार ने तीन साल का सेवा विस्तार दे दिया है और इसके साथ ही उनके भविष्य को लेकर कई महीनों से चल रही असमंजस की स्थिति समाप्त हो गयी है.
वर्ष 2007 में पूर्व राष्ट्रपति तथा सेना प्रमुख परवेज मुशर्रफ का स्थान लेने वाले 58 वर्षीय कियानी 28 नवंबर को सेवानिवृत होने वाले थे. हालिया वर्षों में सेना प्रमुख के रूप में सेवा विस्तार पाने वाले वह दूसरे शीर्ष पाकिस्तानी जनरल हैं.
उनके पूर्ववर्ती परवेज मुशर्रफ ने खुद को सेना प्रमुख के रूप में नौ साल का कार्यकाल दिया था. प्रधानमंत्री युसूफ रजा गिलानी ने बीती रात राष्ट्र के नाम संबोधन में कियानी के सेवा विस्तार के फैसले की घोषणा की. गिलानी ने कहा कि देश के बेहतर हित में, मैंने प्रधानमंत्री की हैसियत से मौजूदा नीति में छूट देते हुए और राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी से सलाह मशविरा करने के बाद जनरल कियानी को 29 नवंबर 2010 से तीन साल का विस्तार देने का फैसला किया है.
मुशर्रफ ने वर्ष 2007 में ज्वाइंट चीफ आफ स्टाफ कमेटी के मौजूदा प्रमुख जनरल तारिक माजिद को दरकिनार करते हुए अपने उत्तराधिकारी के रूप में कियानी का चयन किया था. कियानी को सेवा विस्तार दिए जाने से उनके तत्काल बाद के सर्वाधिक वरिष्ठ तीन सितारों वाले जनरल, लेफ्टिनेंट जनरल खालिद शमीम वायनी की संभावनाओं पर पूरी तरह पानी फिर जाएगा. इसकी भरपाई में उन्हें नए आर्मी स्टाफ के नए उप प्रमुख का पद दिया जा सकता है.