मध्यक्रम के धाकड़ बल्लेबाज विराट कोहली वेस्टइंडीज के खिलाफ 80 रन की पारी खेलने के साथ ही वर्ष 2011 के कैलैंडर वर्ष में एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गये.
इस कैलेंडर वर्ष का आखिरी एकदिवसीय मैच था जिसका मतलब है कि इस साल वनडे में सर्वाधिक रन बनाने का रिकार्ड कोहली के नाम पर ही दर्ज रहेगा. उन्होंने इस साल 34 मैच की इतनी ही पारियों में 47.62 की औसत से 1381 रन बनाये जिसमें चार शतक और आठ अर्धशतक शामिल हैं.
कोहली ने इंग्लैंड के जोनाथन ट्राट को पीछे छोड़ा जिन्होंने 29 मैच की 28 पारियों में 52.60 की औसत से 1315 रन बनाये हैं. इन दोनों के अलावा आस्ट्रेलिया के शेन वाटसन (1139), श्रीलंका के कुमार संगकारा (1127), पाकिस्तान के मोहम्मद हफीज (1075) और श्रीलंका के महेला जयवर्धने (1032) ही इस साल एक हजार से अधिक रन बनाने में सफल रहे.
भारत की तरफ से कोहली के बाद इस साल सर्वाधिक रन कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (764) ने बनाये. कोहली के कैरियर में यह पहला अवसर है जबकि वह किसी कैलेंडर वर्ष में एक हजार रन बनाने में सफल रहे.
पिछले साल वह केवल पांच रन से यह मुकाम हासिल करने से चूक गये थे. उन्होंने 2010 में 25 मैच में 995 रन बनाये थे. वर्ष 2011 में कोहली के अलावा केवल श्रीलंका के उपल थरांगा ही चार शतक जड़ पाये. ट्राट ने इस साल सर्वाधिक दस अर्धशतक लगाये.