असम में कोकराझार और आसपास के क्षेत्र का दौरा करने के बाद विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के अंतर्राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष प्रवीणभाई तोगड़िया ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालकर जिन बांग्लादेशी घुसपैठियों को बसाया गया है और मतदाता पहचानपत्र दिए गए हैं, उन्हें देश से बाहर निकाला जाए.
असम हिंसाग्रस्त इलाकों का दौरा करने के बाद तोगड़िया ने कहा कि सदियों से जिन घरों में जनजाति रहते थे उनके जले हुए पूरे गांव को देखकर आंख में आंसू आ गए. उन्होंने बच्चों, महिलाओं और पुरुषों को वस्त्र, अन्न एवं दवाइयों का वितरण किया.
तोगड़िया ने कहा कि सिर्फ वोट की लालच में केंद्र एवं राज्य सरकारों ने तीन करोड़ बांग्लादेशी घुसपैठियों को असम, उत्तर पूर्वाचल और भारत के अन्य राज्यों में बसने दिया है. यह बांग्लादेशी घुसपैठियों की आईएसआई, हूजी, आईएम एवं 14 मुस्लिम आतंकवादी संगठनों के साथ संबंध को भी अनदेखा किया है. राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालकर घुसपैठियों को बसाया गया है, मतदाता पहचानपत्र दिए गए हैं.
उन्होंने कहा कि कई दशकों से बांग्लादेशी मुस्लिम घुसपैठियां अनुसूचित जाति एवं अन्य हिंदुओं के खेत, घर और गांवों पर कब्जा करके हिंदुओं को भगाने में लगे हुए हैं. कारबी, आंगलौंग, खासी, जयंतिया, बोडो, दिमासा एवं 50 से ज्यादा जनजाति के खेत, घर और जीवन पर निरंतर हमलों से खतरा खड़ा हो गया है. सरकार घुसपैठियों को संरक्षण देकर यहां के नागरिकों को बेमौत मरने दे रही है.