एआईएमआईएम के अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गौरक्षा से जुड़े बयानों पर सवाल उठाया. उन्होंने रविवार को कहा कि बयान देने में पीएम मोदी को इतनी देर क्यों लगी?
अपने पुराने भाषण देंखे पीएम मोदी
ओवैसी ने कहा कि पीएम मोदी खुद देखें कि उन्होंने 2014 में आमचुनाव के अपने भाषणों में गाय की बात की थी. दादरी में इखलाक को मारा गया तब उन्होंने कुछ नहीं कहा. झारखंड और
जम्मू की घटना पर भी उन्होंने कुछ नहीं कहा. ऊना की घटना पर जब प्रोटेस्ट हुआ तब वह बोलने पर मजबूर हुए.
गुजरात की वजह से असहज हैं पीएम मोदी
ओवैसी ने कहा कि गोरक्षक समितियों का सीधा ताल्लुक आरएसएस से है. क्या अब भी सिर्फ बात होगी या कोई कार्रवाई होगी . उनके गुजरात में पाटीदार आंदोलन के बाद यह वाकया होना और
मुख्यमंत्री का बदला जाना उन्हें असहज कर रहा है.
विदेशी मीडिया की निगाह में ऐसी घटनाएं
उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं बीजेपी शासित राज्यों में हो रही है. अब सिर्फ अलफाजों से काम नहीं चलेगा. अपनी बातों को अमली जामा भी पहनाना पड़ेगा. ओवैसी ने कहा कि
अमेरिका इन वाकयों को देख रहा है. देश में हो रही ऐसी घटनाओं पर फॉरेन मिडिया की भी नजर है.