छपरा मिड-डे मील हादसे की प्रारंभिक फोरेंसिक जांच रिपोर्ट में खाने में ऑरगेनो फॉस्फोरस होने के संकेत मिले हैं. यह एक कीटनाशक है. हादसे का शिकार हुए बच्चों के शरीर में भी यही कीटनाशक पाया गया था.
सूत्रों के मुताबिक सब्जी में ऑरगेनो फॉस्फोरस मिला था. इससे पहले गुरुवार को बिहार के प्रधान सचिव ने खाने में तेल की जगह कीटनाशक डाल दिए जाने की आशंका जाहिर की थी. उन्होंने बताया था कि खाना बनाते वक्त कढ़ाही में तेल डालते ही उसमें से काला धुआं निकला था. साथ ही उसका रंग भी काफी अजीब था.
प्रधान सचिव ने माना था कि स्कूल प्रशासन से कई स्तरों पर लापरवाही हुई. रसोइए ने तेल के रंग और रिएक्शन को लेकर शिकायत की थी, लेकिन उसे गंभीरता से नहीं लिया गया. इतना ही नहीं, मिड-डे मील को बच्चों को परोसने से पहले नियम के मुताबिक चखकर भी नहीं देखा गया था. इस हादसे में 23 बच्चों की मौत हो गई थी.
उधर, मिड-डे मील में घटिया खाने के अलर्ट पर केंद्र सरकार और बिहार सरकार आमने-सामने आ गई हैं. बिहार ने केंद्र के अलर्ट को झुठलाया है, वहीं केंद्र का कहना है कि बिहार सरकार झूठ बोल रही है.