केरल में कोस्ट गार्ड ने एक संदिग्ध नाव पकड़ी है, जिस पर कुल 12 लोग सवार थे. पकड़े गए लोगों में से एक के पास से पाकिस्तान की आईडी बरामद की गई है. राज्य पुलिस से मिली सूचना के आधार पर कोस्ट गार्ड ने ऑपरेशन चलाया और 4 जुलाई की आधी रात नाव को गिरफ्त में ले लिया गया.
केरल पुलिस ने भारतीय कोस्ट गार्ड को 3 जुलाई को सूचना दी थी कि ऐलेपी से करीब 100 किलोमीटर की दूरी पर पश्चिम दिशा में एक संदिग्ध मछली मारने वाला जहाज देखा गया है. इस इनपुट के आधार पर कोस्ट गार्ड के रीजनल हेडक्वॉर्टर ने फौरन ऑपरेशन शुरू किया.
डॉर्नियर एयरक्राफ्ट ने की पुष्टी
भारतीय जल क्षेत्र में संदेहास्पद नाव की मौजूदगी की पुष्टी के लिए डॉर्नियर विमान को रवाना किया गया. खराब मौसम के बीच विमान ने इलाके का मुआयना किया और 4
जुलाई की आधी रात को समुद्र में एक संदिग्ध नाव की पुष्टी की.
'अभिनव' और 'समर' जहाज ने नाव को घेरा
एक तरफ जहां डॉर्नियर विमान ने उड़ान भरी, वहीं दूसरी तरफ कोस्ट गार्ड के 'अभिनव' और 'समर' जहाज को भी नाव की दिशा में तेज गति में रवाना किया गया. आधी
रात को ही दोनों जहाजों ने मिलकर नाव का रास्ता रोक लिया. सुबह होते ही 'समर' पर सवार कोस्ट गार्ड की टीम ने संदिग्ध नाव को कब्जे में ले लिया.

25 मई को इरान से रवाना हुई नाव
कोस्ट गार्ड की ओर से जानकारी दी गई है कि संदिग्ध नाव का नाम BAROOKI है और यह इरान के कलत से 25 मई को रवाना हुई थी. पूछताछ के दौरान यह भी
साबित हो गया है कि यह वही नाव है जिसके बारे में केरल पुलिस ने जानकारी दी थी. नाव को पकड़े जाने के बाद केरल के विजहिंगम बंदरगाह पर लाया गया.
नाव मामले की संयुक्त पड़ताल शुरू
इंटेलिजेंस ब्यूरो, राज्य पुलिस, स्थानीय पुलिस, वैज्ञानिक विशेषज्ञ और बम स्क्वॉड मिलकर इस मामले की जांच कर रहे हैं. रविवार को कोस्ट गार्ड ने यह नाव पुलिस को
सौंप दी.