लखनऊ के दो सामाजिक कार्यकर्ताओं ने एचएसबीसी के खिलाफ स्टिजरलैंड में बैंक खातों में कालाधन रखने के आरोपों पर भारतीय रिजर्व बैंक से संपर्क किया है.
कार्यकर्ताओं ने कहा कि उन्होंने इस बारे में रिजर्व बैंक को तब पत्र लिखा है जब इससे पहले एचएसबीसी ने उनकी शिकायत में लगाये गये सभी आरोपों को खारिज कर दिया.
उन्होंने एचएसबीसी द्वारा पहली शिकायत के जवाब का हवाला देते हुए कहा कि एचएसबीसी ने कहा है कि वह जहां भी परिचालन करता है, कानून का गंभीरता से अनुपालन करता है.
नए वरिष्ठ वैश्विक नेतृत्व वाली टीम और पिछले साल नई रणनीति के जरिये एचएसबीसी ने अनुपालन को कड़ा करने के लिए पुख्ता कदम उठाए हैं.
कार्यकताओं का कहना है कि एचएसबीसी इंडिया का जवाब तब आया जब रिजर्व बैंक ने उसे शिकायत पर गौर करने को कहा. उन्होंने फिर से रिजर्व बैंक को शिकायत भेजी है क्योंकि उनकी शिकायत के मूल मुद्दे पर जवाब नहीं दिया गया.
शिकायतकर्ताओं ने अपनी शिकायत में आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल का हवाला दिया है जिसमें एचएसबीसी पर उसकी स्विटजरलैंड स्थित बैंक शाखाओं में कालाधन जमा रखने की सुविधा देने पर आलोचना की गई है.