कहा जाता है कि जाको राखे साइयां मार सके ना कोय, ऐसा ही कुछ बंगलुरु के इज्जिपुरा इलाके में हुआ. यहां एक सिलेंडर ब्लास्ट से इमारत धराशायी हो गई, बिल्डिंग के मलबे के नीचे कई लोग भी फंस गए. हादसे में 7 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी, लेकिन राहत और बचाव के वक्त एक अद्भुत घटना घटी. मलबा हटाने का काम कर रहे कर्मियों ने यहां से एक मासूम बच्ची की जिंदा निकाला है.
इज्जिपुरा में सिलेंडर फटने से हुआ धमाका इतना तेज था कि आसपास की इमारतों का भी कुछ हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ है. बावजूद इसके इस बच्ची को मलबे से जिंदा निकाला गया. बच्ची तो बच गई लेकिन हादसे में इसके मां-बाप की मौत हो गई है. अब सरकार ने इस मासूम को गोद लेने का फैसला किया है. मासूम के शरीर पर हल्की चोट जरूर आई है लेकिन वह पूरी तरह होश में है. हादसे के बाद बचावकर्मी उसे तुरंत इलाज के लिए अस्पताल ले गए, इलाके में राहत और बचाव का काम अब भी जारी है.
कर्नाटक के गृहमंत्री ने बताया कि मरने वालों में 5 लोग इसी इमारत में रहते थे जबकि एक अन्य व्यक्ति पड़ोस में रहता था. राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों के 5-5 लाख और घायलों को 50 हजार रुपए के मुआवजे का ऐलान किया है.#WATCH: Girl child rescued from Ejipura building collapse site in Bengaluru. Her parents died in the incident,govt has decided to adopt her. pic.twitter.com/jZcI1VHAf5
— ANI (@ANI) October 16, 2017