भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेताओं यशवंत सिन्हा और राम जेठमलानी द्वारा भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन गडकरी के इस्तीफे की मांग पर सांसद एवं अभिनेता शत्रुघ्न सिन्हा ने शनिवार को कहा कि दोनों की मांगों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए.
बीजेपी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा, ‘मैं यशवंत सिन्हा और राम जेठमलानी की मांगों को लेकर विचारधारात्मक रूप (आइडियोलाजिकली) से उनके साथ हूं. दोनों की मांगों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए.’
गौरतलब है कि जेठमलानी ने भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे गडकरी के इस्तीफे की मांग करते वक्त दावा किया था कि यशवंत सिन्हा, शत्रुघ्न सिन्हा और जसवंत सिंह उनके बहुत करीबी हैं.
गडकरी के विषय में पटनासाहिब के सांसद ने कहा, ‘वह मेरे मित्र हैं, लेकिन एक जिम्मेदार पद पर काबिज व्यक्ति को न सिर्फ ईमानदार होना चाहिए, बल्कि ईमानदार दिखना चाहिए.’
सिन्हा और जेठमलानी की तारीफ करते हुए बीजेपी नेता ने कहा कि दोनों में देश का प्रधानमंत्री बनने की योग्यता है, लेकिन वर्तमान में बीजेपी में प्रधानमंत्री के सर्वश्रेष्ठ उम्मीदवार के रूप में वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी हैं.
बिहारी बाबू के बयान के बाद गडकरी से तुरंत इस्तीफे की मांग करने वाले यशवंत सिन्हा को एक बार फिर बल मिला है. इससे पहले जेठमलानी और उनके वकील पुत्र महेश ने गडकरी से इस्तीफे की मांग की थी.
सीबीआई के निदेशक के रूप में बिहार कैडर के आईपीएस रंजीत सिन्हा को लेकर बीजेपी में घमासान छिड़ा है. लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने पत्र लिखकर सरकार से सिन्हा की नियुक्ति पर फिर से विचार करने को कहा है.
रंजीत सिन्हा प्रकरण पर शॉटगन ने कहा, ‘सीबीआई जैसे महत्वपूर्ण संगठन को नेतृत्व विहीन नहीं रखा जा सकता. नये निदेशक की नियुक्ति में निष्पक्ष प्रक्रिया अपनाई गयी है. सीबीआई निदेशक जैसे पद के लिए रंजीत एक वरिष्ठ और सक्षम अधिकारी हैं.’