पुलवामा आतंकी हमले का भारत ने बदला ले लिया है. भारतीय वायुसेना ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में स्थित आतंकी कैंपों पर जोरदार हमला बोला है. वायुसेना ने जैश-ए-मोहम्मद के ठिकानों को नष्ट कर दिया है. वायुसेना ने मंगलवार तड़के 3.30 बजे ये हमला बोला. भारतीय वायुसेना ने इस स्ट्राइक में 12 मिराज लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल किया है. भारत के इस जवाबी कार्रवाई में जैश चीफ मसूद अजहर के दो साले भी मारे गए हैं.
विदेश मंत्रालय के मुताबिक बालाकोट के सबसे बड़े जैश ए मोहम्मद के शिविर में बड़ी संख्या में जैश आतंकवादियों, प्रशिक्षकों, वरिष्ठ कमांडरों का सफाया कर दिया गया. शिविर का नेतृत्व मौलाना यूसुफ अजहर उर्फ उस्ताद गौरी करता था. वह मसूद अजहर का साला है.
उन्होंने कहा कि नागरिकों को कोई नुकसान ना पहुंचे इससे बचने के लिए हमने इस लक्ष्य को चुना. यह कैंप एक पहाड़ी गहरे जंगल में स्थित है.
फोटो- मसूद अजहर का साला युसूफ अजहर
बालाकोट में जिस एक और कैंप पर हमला किया गया है वह आतंकी संगठन जैश ए मोहम्मद का चीफ मसूद अजहर का एक और साला अजहर महमूद चलाता था और ऑपरेशन के दौरान वह वहां पर मौजूद था.
विजय गोखले ने कहा कि 14 फरवरी को पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने पुलवामा में आतंकी हमला किया था, जिसमें हमारे 40 जवान शहीद हुए थे. इससे पहले पठानकोट में भी जैश की तरफ से आतंकी हमला किया गया था.
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान हमेशा इन संगठनों की अपने देश में मौजूदगी से इनकार करता आया है. पाकिस्तान को कई बार सबूत भी दिए गए लेकिन उसने आतंकी संगठन के खिलाफ आजतक कोई कार्रवाई की.
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के रुख को देखते हुए हमने कदम उठाने की रणनीति तैयार की. आज सुबह बालाकोट में एयर स्ट्राइक की है जिसमें जैश के कमांडर समेत कई आतंकियों को ढेर किया गया है. यह एक असैन्य कार्रवाई थी जिसमें आतंकी संगठनों को निशाना बनाया गया है. गोखले ने कहा कि 20 साल से पाकिस्तान आतंकी साजिश रच रहा था और आतंकी संगठनों पर आजतक कोई कार्रवाई नहीं की गई थी.