ऑस्ट्रेलिया की तस्मानिया यूनिवर्सिटी में पीएचडी करने गई पंजाब की लड़की नताशा नारंग लापता हो गई है. तस्मानिया पुलिस को तमार नदी के किनारे से 30 वर्षीय नताशा की जैकट, हैंड बैंग और मोबाइल फोन मिला है. नताशा को नदी में ढूंढने के लिए तस्मानिया पुलिस गोताखोरों के साथ हैलीकॉप्टर की मदद भी ले रही है.
नताशा का पति कहता है कि वह पढ़ाई के डर से कहीं चली गई होगी तो पंजाब में नताशा का परिवार कह रहा है कि उसके पति ने ही उसे मार डाला है. नताशा के परिजन मामले की निष्पक्ष जांच के लिए अब भारत और ऑस्ट्रेलिया सरकार से गुहार लगा रहे हैं.
पंजाब के फगवाड़ा में रहने वाली नताशा के पति का नाम संदीप नारंग है. 8 दिसंबर 2009 को दोनों की शादी हुई थी. इसके बाद उसे पढ़ाई के लिए तस्मानिया यूनिवर्सिटी भेजा गया था. नताशा के पिता के अनुसार, संदीप फगवाड़ा में भी नताशा से मारपीट करता था और ऑस्ट्रेलिया जाकर भी उसका रवैया नहीं बदला.
नताशा की बहन तनिशा ने बताया कि 4 अक्टूबर को जब भारत में शाम के 6 बज रहे थे और ऑस्ट्रेलिया में रात के 11.30 बज रहे थे तो उसने इंटरनेट पर नताशा की आईडी को ऑनलाइन देखा. परंतु दोनों बहनों में कोई बातचीत नहीं हुई. रात करीब 10 बजे तनिशा जब दोबारा ऑनलाइन हुई तो भी नताशा ऑनलाइन ही दिख रही थी. तब ऑस्ट्रेलिया में रात के करीब तीन बज रहे थे. तनिशा के अनुसार पहले नताशा की आईडी कभी इस तरह से ऑनलाइन नहीं रहती थी.
पिता ने गाया नताशा के लिए गाना
तनिशा ने बताया कि जब वह ऑनलाइन दिख रही थी तो उससे बात करने की कोशिश की गई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला. इसके बाद उनके पिता ने नताशा के लिए एक गीत भी गाया, लेकिन इस पर भी कोई रिस्पांस नहीं मिला. नताशा के पिता ने बताया कि जब संदीप से फोन पर बात की गई तो उसने डरते हुए बताया कि नताशा गुम हो गई है.
ससुराल वालों ने कहा- आरोप गलत हैं
वहीं, नताशा के ससुराल परिवार ने सभी आरोपों को गलत बताया है. उनके अनुसार, दोनों बहुत खुश थे. संदीप के पिता मोहन नारंग ने कहा कि वे नताशा को अपनी बेटी की तरह प्यार देते थे. मारपीट के आरोप झूठे हैं. उन्होंने काफी रुपये खर्च कर दोनों को ऑस्ट्रेलिया में भेजा था. अब नताशा के गायब होने के बाद वे खुद उसे खोजने के लिए ऑस्ट्रेलिया जा रहे हैं.