scorecardresearch
 

ज्योतिरादित्य सिंधिया बोले- कांग्रेस खुद नहीं जानती उनके नेताओं ने क्या किया, क्या नहीं

कुछ महीने पहले कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल होने वाले ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपनी पूर्व पार्टी पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस को यह पता ही नहीं है कि उनके नेताओं ने क्या किया है और क्या नहीं किया है.

Advertisement
X
बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया (फाइल-पीटीआई)
बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया (फाइल-पीटीआई)

Advertisement

  • कमलनाथ ने कहा था- राजीव ने राम मंदिर का ताला खुलवाया
  • कुछ महीने पहले ही कांग्रेस छोड़ बीजेपी में शामिल हुए सिंधिया

भारतीय जनता पार्टी के नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि एक तरफ, वह (मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम कमलनाथ) कह रहे हैं, उन्होंने (पूर्व पीएम राजीव गांधी) बाबरी मस्जिद का ताला खोला जबकि दूसरी तरफ शशि थरूर कहते हैं कि उन्होंने ताला नहीं खोला. कांग्रेस खुद ही नहीं जानती कि उनके नेता ने क्या किया और क्या नहीं.

कुछ महीने पहले कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल होने वाले ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपनी पूर्व पार्टी पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस को यह पता ही नहीं है कि उनके नेताओं ने क्या किया है और क्या नहीं किया है.

दरअसल, अयोध्या में 5 अगस्त को राम मंदिर निर्माण को लेकर होने वाले भूमि पूजन से पहले मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा था कि राजीव गांधी ने जब राम मंदिर का ताला खुलवाया था तभी इसका रास्ता साफ हुआ. आज अगर राजीव गांधी होते खुश होते.

इसे भी पढ़ें --- रामभक्त बने दिग्विजय और कमलनाथ, भूमिपूजन में नहीं कांग्रेस साथ

Advertisement

कमलनाथ ने अयोध्या में भूमि पूजन से पहले अपने यहां हनुमाना चालिसा कराया था जिसके बाद उन्होंने दावा किया था कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के कारण ही राम मंदिर का सपना आज साकार हो रहा है. कमलनाथ ने उस वक्त कहा था, 'आज राजीव गांधी होते तो यह सब देखते. हम राम मंदिर निर्माण के लिए प्रदेश की जनता की ओर से 11 चांदी की शिलाएं भेज रहे हैं.' कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चंदे से पैसा इकट्ठा कर चांदी की इन ईंटों को अयोध्या भेजा है.

इसे भी पढ़ें --- हिंदुत्व कार्ड से बीजेपी को कांग्रेस की टक्कर, कमलनाथ ने घर में सजाया राम दरबार

उन्होंने कहा था, 'मैंने छिंदवाड़ा में हनुमान जी की मूर्ति स्थापित की. हमने अपनी सरकार में गौशालाएं बनवाईं, राम-वन-गमन पथ के निर्माण की बाधाएं दूर कीं, महाकाल और ओंकारेश्वर मंदिर के विकास की योजना बनाई. बस हम धर्म का उपयोग राजनीति के लिए नहीं करते हैं, हम इसे इवेंट नहीं बनाते हैं.'

Advertisement
Advertisement