scorecardresearch
 

ऐसे तैयार होती जहरीली शराब, बन जाती है मौत का सामान

मुंबई के मलाड के जहरीली शराब पीने से करीब 33 लोगों की मौत हो चुकी है. कई लोग गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराए गए हैं. जहरीली शराब होने वाली मौत का यह तांडव कोई नया नहीं है. इससे पहले भी इससे सैकड़ों लोग समय से पहले काल के गाल में समा गए हैं. हाल ही में यूपी की राजधानी लखनऊ में भी जहरीली शराब से करीब 50 लोगों की मौत हुई थी.

Advertisement
X
Symbolic Image
Symbolic Image

मुंबई के मलाड के जहरीली शराब पीने से करीब 33 लोगों की मौत हो चुकी है. कई लोग गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराए गए हैं. जहरीली शराब होने वाली मौत का यह तांडव कोई नया नहीं है.

Advertisement

इससे पहले भी इससे सैकड़ों लोग समय से पहले काल के गाल में समा गए हैं. हाल ही में यूपी की राजधानी लखनऊ में भी जहरीली शराब से करीब 50 लोगों की मौत हुई थी.

अब सवाल यह उठता है कि कच्ची शराब जहरीली कैसे बन जाती है? इसको बनाने की प्रक्रिया के बारे में सुनकर आप हैरान हो उठेंगे. जी हां, कच्ची शराब को बनाने में इस्तेमाल होने वाली महुए की लहन को सड़ाने के लिए कुत्ते का शौच और ऑक्सीटोसिन का इस्तेमाल किया जाता है. कहीं-कहीं इसमें नौसादर और यूरिया भी मिलाया जाता है.

ऐसे बन जाती है जहरीली
कच्ची शराब को अधिक नशीली बनाने के चक्कर में जहरीली हो जाती है. सामान्यत: इसे बनाने में गुड़, शीरा से लहन तैयार किया जाता है. लहन को मिट्टी में गाड़ दिया जाता है. इसमें यूरिया और बेसरमबेल की पत्ती डाला जाता है. अधिक नशीली बनाने के लिए इसमें ऑक्सिटोसिन मिला दिया जाता है, जो मौत का कारण बनती है.

कुछ जगहों पर कच्ची शराब बनाने के लिए पांच किलो गुड़ में 100 ग्राम ईस्ट और यूरिया मिलाकर इसे मिट्टी में गाड़ दिया जाता है. यह लहन उठने पर इसे भट्टी पर चढ़ा दिया जाता है. गर्म होने के बाद जब भाप उठती है, तो उससे शराब उतारी जाती है. इसके अलावा सड़े संतरे, उसके छिलके और सड़े गले अंगूर से भी लहन तैयार किया जाता है.

कैसे होती है मौत
कच्ची शराब में यूरिया और ऑक्सिटोसिन जैसे केमिल पदार्थ मिलाने की वजह से मिथाइल एल्कोल्हल बन जाता है. इसकी वजह से ही लोगों की मौत हो जाती है . मिथाइल शरीर में जाते ही केमि‍कल रि‍एक्‍शन तेज होता है. इससे शरीर के अंदरूनी अंग काम करना बंद कर देते हैं. इसकी वजह से कई बार तुरंत मौत हो जाती है. कुछ लोगों में यह प्रक्रिया धीरे-धीरे होती है.

Advertisement
Advertisement