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गणतंत्र दिवस की परेड में निर्भय, ब्रह्मोस और आकाश मिसाइल की तिकड़ी

पहली बार भारतीय सेना के जवान राज्य पथ पर आसियान देशों के झंडे को लेकर मार्च पास करेंगे. इसके अलावा ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल और आकाश क्रूज मिसाइल और निर्भय मिसाइल परेड में शामिल होगी. ये तीनों मिसाइल सिस्टम तीनों सेनाओं की मारक क्षमता को कई गुना बढ़ा रहे हैं. गणतंत्र दिवस की परेड में मिसाइल की तिकड़ी की कमान युवा अधिकारी कैप्टन मोहम्मद यूनुस खान, कैप्टन मेघराज यादव और कैप्टन कुणाल के हाथों में है.

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सेना के इन तीन ख़ास हथियारों की कमान तीन युवा अधिकारी सम्भाल रहे हैं
सेना के इन तीन ख़ास हथियारों की कमान तीन युवा अधिकारी सम्भाल रहे हैं

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इस बार गणतंत्र दिवस की परेड कई मायनों में खास है. पहली बार परेड में निर्भय मिसाइल, ब्रह्मोस और आकाश मिसाइल की तिकड़ी होगी. जबकि दूसरी तरफ सेना के टी-90 टैंक, बीएमपी और स्वाति राडार का भी प्रदर्शन होगा. परेड के सेकण्ड इन कमांड मेजर जनरल राजपाल पुनिया ने बताया इस बार खासतौर से आसियान देशों के प्रमुखों के सामने तीनों सेनाएं अपनी ताकत का प्रदर्शन करेंगी.

पहली बार भारतीय सेना के जवान राज्य पथ पर आसियान देशों के झंडे को लेकर मार्च पास करेंगे. इसके अलावा ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल और आकाश क्रूज मिसाइल और निर्भय मिसाइल परेड में शामिल होगी. ये तीनों मिसाइल सिस्टम तीनों सेनाओं की मारक क्षमता को कई गुना बढ़ा रहे हैं. गणतंत्र दिवस की परेड में मिसाइल की तिकड़ी की कमान युवा अधिकारी कैप्टन मोहम्मद यूनुस खान, कैप्टन मेघराज यादव और कैप्टन कुणाल के हाथों में है.

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गणतंत्र दिवस के मौके पर राजपथ पर देश और दुनिया आधुनिक हथियारों की ताकत देखेगी. खासतौर से टी-90 टैंक जो भारतीय सेना का मुख्य युद्धक टैंक है. टी-90 टैंक की मारक क्षमता की बात की जाए तो 5 किलोमीटर तक दुश्मन को निशाना बना सकता है. जबकि बीएमपी टैंक को लेकर भी राजपथ में काफी तैयारी की गई है. बीएमपी की क्षमता की बात की जाए तो बीएमपी टू के में एमजी गन है, मशीन गन सभी तरह के हथियारों से लैस किया गया है. स्वाति रडार भारतीय सेना में काफी अहम भूमिका निभा रही है. 40 किलोमीटर रेंज तक दुश्मन के किसी भी ठिकाने पर नजर रख सकती है.

गणतंत्र दिवस की परेड के दौरान दुनिया रक्षा क्षेत्र में मेक इन इंडिया की बढ़ती धमक को भी देखेगी. गणतंत्र दिवस की परेड में सेना के इन तीन ख़ास हथियारों की कमान तीन युवा अधिकारी कैप्टन संदीप, टीम कमांडर, कैप्टन अर्पित और मेजर सागर कुलकर्णी सम्भाल रहे हैं.

राजपथ की परेड में पहली बार आईटीबीपी की झांकी और बीएसएफ की महिला कांस्टेबल मोटरसाइकिल के ऊपर करतब दिखाएंगी. परेड करीब 90 मिनट की होगी और आतंकी खतरे को देखकर सुरक्षा के सभी कड़े कदम उठाए गए हैं.

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