पैसों को लेकर इंडियन मुजाहिदीन के आला कमांडर में विवाद की खबर सामने आई है. पाकिस्तान में छिपे बैठे इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज और इकबाल भटकल के बीच दूरी की वजह पैसे को बताया जा रहा है.
सूत्रों की मानें तो पिछले पांच सालों में पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई ने दोनों भाइयों को गड़बड़ी फैलाने के लिए तकरीबन पांच करोड़ रुपये की मदद की थी. आईएसआई ने जब भटकल बंधुओं से इन रुपयों का हिसाब मांगा तो दोनों कन्नी काटने लगे. रियाज के बारे में बताया जा रहा है कि उसने आईएसआई को छोड़ कर वजीरिस्तान के इलाके में सक्रिय अल कायदा और तहरीक ए तालिबान जैसे आतंकवादी संगठनों का दामन थाम लिया.
दिल्ली के जामा मस्जिद के पास एक कार बम धमाके के नाकाम हो जाने पर यासीन भटकल और कतील सिद्दिकी के बीच कहासुनी हो गई थी, और इसके लिए दोनों एक दूसरे को जिम्मेदार ठहरा रहे थे.
खुफिया सूत्रों की मानें तो यासीन के साथ तहसीन उर्फ मोनू के रिश्ते भी कोई बहुत अच्छे नहीं थे.