बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने रूस में बने आतंकवाद के खिलाफ कड़े कानून पर राय मांगी है. इस कानून के तहत आतंकवादी हमलों से हुए नुकसान की भरपाई आतंकवादियों के परिजनों से की जाएगी. स्वामी ने इस कानून पर राय मांगी है. उन्होंने पूछा है कि क्या भारत में भी ऐसा कानून मुमकिन है.
स्वामी ने अपने फेसबुक पेज पर रूस के इस कानून के बारे में जानकारी दी है. इस कानून के तहत किसी आतंकवादी संगठन को खड़ा करना, हिस्सा लेना या वित्तीय मदद देने पर भी दंड का प्रावधान है. इसके तहत 'मोरल डैमेज' सहित किसी तरह के नुकसान की भरपाई का प्रावधान है. आतंकी गतिविधि में शामिल होने वाले शख्स या उसके परिजन, रिश्तेदारों या नजदीकी से किसी भी कीमत पर इसकी भरपाई की जाएगी.
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पिछले साल नवंबर में इस बिल को हरी झंडी दी थी. नए कानून के तहत आतंकी गतिविधियों के लिए ट्रेनिंग में हिस्सा लेने या आतंकी नेटवर्क में शामिल होने पर 10 साल की कैद और 5 लाख रूबल (करीब 8 लाख रुपये) के जुर्माने का प्रावधान है. आतंकी नेटवर्क चलाने वाले शख्स को 20 साल की कैद और 10 लाख रूबल यानी करीब 16 लाख रुपये बतौर जुर्माना भरना पड़ सकता है.
स्वामी का मानना है कि इस तरह के कानून से उन युवाओं पर लगाम लगाई जा सकेगी जो भविष्य में आतंकवादी गतिविधियों में शामिल होने की योजना बना रहे हैं.