बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से आग्रह किया है कि 2016 तक अयोध्या में राम मंदिर का पुनर्निर्माण करने की दिशा में पहल करके मतदाताओं से की गई पार्टी की प्रतिबद्धतता को पूरा करें.
स्वामी ने इस सिलसिले में मोदी को लिखे पत्र में सुझाव दिया है कि इसके लिए वह एस. एच. कपाडिया जैसे रिटायर चीफ जस्टिस को प्रबंधक के रूप में नियुक्त कर सकते हैं जो जनरल वीके सिंह जैसे नामित मंत्री के साथ ताल-मेल बना कर काम को आगे बढ़ाएं.
बीजेपी नेता ने कहा, नामित मंत्री बाबरी मस्जिद के वंशानुगत पर्यवेक्षक को नोटिस जारी करके उनसे राम जन्मभूमि पर दावे को औपचारिक रूप से वापस लेने को कह सकते हैं और इसके बदले उन्हें मस्जिद निर्माण के लिए सार्वजनिक खर्च पर सरयू नदी के उस पार वैकल्पिक जगह की पेशकश की जा सकती है. पूर्व केन्द्रीय मंत्री स्वामी ने यह सुझाव भी दिया कि इस प्रस्ताव पर सहमति बनाने के लिए इस्लामी विद्वानों की बैठक बुलाई जा सकती है, जिसमें विदेश के भी मुस्लिम विद्वान शामिल हों.'
उन्होंने कहा, 'अगर इससे बात नहीं बनती है तो सरकार को चाहिए कि वह इस संबंध में संसद में एक समर्थकारी विधेयक लाकर उसे पारित कराए. स्वामी ने कहा कि सोमनाथ मंदिर की तर्ज पर राम मंदिर पुनर्निर्माण समिति का गठन किया जाना चाहिए.'