भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने तेलंगाना में 7 दिसंबर को होने जा रहे विधानसभा चुनाव के लिए अपने घोषणापत्र में हर साल एक लाख गाय मुफ्त बांटने का वादा किया है.
भाषा के मुताबिक बीजेपी के चुनाव घोषणापत्र समिति के अध्यक्ष एनवीएसएस प्रभाकर ने शनिवार को कहा कि गांवों में त्योहारों और अन्य अवसरों पर उन लोगों को गायें बांटे जाने का प्रस्ताव है, जो इसकी मांग करेंगे.
हाल ही में भंग की गई राज्य विधानसभा में विधायक रहे प्रभाकर ने कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था जैसे क्षेत्रों में गायों की उपयोगिता बताते हुए कहा कि एक अन्य प्रस्ताव लघु - भारत भाषायी कल्याण बोर्ड स्थापित करने का है. उन्होंने कहा कि बोर्ड अन्य राज्यों से आजीविका की तलाश में हैदराबाद आने वाले भाषायी अल्पसंख्यकों के कल्याण का ध्यान रखेगा. हालांकि चुनावी घोषणापत्र औपचारिक रूप से अगले हफ्ते जारी किए जाने की उम्मीद है.
इससे पहले घोषणापत्र समिति ने शराब की बिक्री का नियमन करने का प्रस्ताव करते हुए दावा किया था कि इसकी बेरोकटोक उपलब्धता ने कई सामाजिक समस्याएं और कानून व्यवस्था की समस्या पैदा की है. घोषणापत्र में राज्य परिवहन की बसों पर त्योहारों के मौके पर अधिभार हटाने और सबरीमला सहित मदिरों की यात्रा पर जाने वालों को मुफ्त परिवहन मुहैया करने का प्रस्ताव दिया गया है.
घोषणापत्र समिति ने पेट्रोल और डीजल पर टैक्स में पूरी छूट, प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले युवाओं को मुफ्त ऑनलाइन एवं ऑफलाइन कोचिंग और हर परिवार को हर महीने 6 रुपये में सुरक्षित पेयजल मुहैया करने जैसे कई प्रस्ताव दिए गए हैं.
गौरतलब है कि देश की राजनीति जिस कदम पर चल रही है उसमें गाय अब केंद्र में आ गई है. 2014 में बीजेपी ने अपने घोषणापत्र में गोरक्षा का मुद्दा उठाया था और अब चार साल बाद कांग्रेस भी उसी रास्ते पर आ गई है. कांग्रेस ने मध्य प्रदेश मे गोरक्षा के वचन से चुनावी जतन में पंचायत में गोशाला बनाने की बात कही है.
बता दें कि तेलंगाना में विधानसभा की कुल 119 सीटें हैं. एक तरफ जहां सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति (TRS) दूसरे कार्यकाल के लिए जोर लगा रही है. वहीं दूसरी और बीजेपी भी सत्ता में आने की पूरी कोशिश कर रही है. तेलंगाना में सात दिसंबर को चुनाव होंगे और वोटों की गिनती 11 दिसंबर को होगी.