नीट परीक्षा में अन्तर्राजीय सॉल्वर गैंग के मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी वाराणसी पुलिस ने एक लाख के इनामी और सॉल्वर गैंग के मास्टरमाइंड पीके उर्फ नीलेश को गिरफ्तार कर लिया गया है. वहीं पीके के साथ पटना सचिवालय में तैनात रितेश सिंह को भी गिरफ्तार किया गया है.
सॉल्वर गैंग के जरिए उत्तर प्रदेश बिहार समेत देश के कई राज्यों में मेडिकल एंट्रेंस टेस्ट यानी नीट परीक्षा में सेंधमारी करने वाले सॉल्वर गैंग के सबसे बड़े मास्टरमाइंड और एक लाख के इनामी नीलेश उर्फ पीके को वाराणसी पुलिस ने सारनाथ इलाके से गिरफ्तार कर लिया है. नीलेश उर्फ पीके ने उत्तर भारत से लेकर उत्तर पूर्वी राज्यों व दक्षिण के कई राज्यों में अपना नेटवर्क फैला रखा था. गैंग एमबीबीएस और बीडीएस की पहले और दूसरे साल के छात्रों को पैसों का लालच देकर सॉल्वर बनाकर बैठाता था जिसके बदले में एक अभ्यर्थी से 40 से 50 लाख रुपए तक वसूले जाते थे.
बीते सितंबर महीने में वाराणसी पुलिस ने बीएचयू से बीडीएस की पढ़ाई कर रही छात्रा जूली कुमारी को उसकी मां के साथ गिरफ्तार किया था. छात्रा को बतौर सॉल्वर हिना विश्वास की जगह पर परीक्षा के लिए बैठाया गया था, जिसके एवज में जूली की मां को 5लाख रुपए दिए गए थे. वाराणसी पुलिस ने मां बेटी की गिरफ्तारी के बाद तहकीकात शुरू की तो पटना का रहने वाला पीके उर्फ नीलेश मास्टरमाइंड के तौर पर सामने आ गया.
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बीते 2 महीनों से वाराणसी की क्राइम ब्रांच लगातार पीके की तलाश में छापेमारी कर रही थी. इसी कड़ी में वाराणसी पुलिस ने सारनाथ इलाके से उसे, उसके साथी रितेश सिंह के साथ गिरफ्तार कर लिया. रितेश और नीलेश आपस में साले बहनोई हैं. पकड़ा गया रितेश पटना सचिवालय में कला संस्कृति एवं युवा विभाग में उच्च वर्गीय लिपिक यानी यूडीसी है. रितेश की शादी मास्टरमाइंड नीलेश उर्फ पीके की बहन डॉक्टर प्रिया से 2014 में हुई थी. अब तक की जांच में नीट परीक्षा के इस सॉल्वर गैंग में रितेश और नीलेश के साथ डॉक्टर प्रिया भी शामिल हैं जो वर्तमान में छपरा के सारन नगरा ब्लॉक में संविदा पर तैनात है.
वाराणसी पुलिस कमिश्नर सतीश गणेश की मानें तो यह गैंग लगभग 6 सालों से नीट परीक्षा में सॉल्वर को बैठाकर परीक्षा दिला रहा था. नीट परीक्षा के साथ-साथ उत्तर प्रदेश व बिहार के टीईटी अधीनस्थ सेवा चयन आयोग व पुलिस भर्ती की परीक्षाओं में भी पेपर लीक से या सॉल्वर के जरिए परीक्षा पास करा रहे थे. इसी बीच अब वाराणसी पुलिस ने मास्टरमाइंड नीलेश की पटना और दानापुर में जुटाई गई संपत्ति और लग्जरी गाड़ियों की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है. पुलिस को शक है यह सारी संपत्ति और ऐश-ओ-आराम का समान, इसी सॉल्वर गैंग के अपराध से कमाई गई रकम से जुटाई गई है.