कोरोना संकट के बीच ब्लैक फंगस भी परेशानी का सबब बना हुआ है. यूपी के कानपुर में भी अब ब्लैक फंगस से मरीजों की मौत होनी शुरू हो गई है. मंगलवार को कानपुर के हैलेट हॉस्पिटल में ब्लैक फंगस के चलते एक मरीज की मौत हो गई. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक कानपुर में ब्लैक फंगस के चलते मौत का यह पहला मामला है.
मृतक पेशे से शिक्षक था और उन्नाव का रहने वाला था. वह हैलेट के न्यूरो वार्ड में भर्ती था. वह कोरोना और ब्लैक फंगस दोनों से संक्रमित था. हैलेट के ब्लैक फंगस वार्ड में अबतक 17 मरीज भर्ती हो चुके हैं जिसमें ये पहली मौत है. ब्लैक फंगस से जुड़ी दूसरी मौत कानपुर आईआईटी के छात्र की लखनऊ पीजीआई में हुई है.
ये छात्र कानपुर आईआईटी के एयरो स्पेस से पीएचडी कर रहा था.खुद कानपुर आईआईटी के डायरेक्टर अभय करंडिकर ने ट्वीट करके इसकी जानकारी देते हुए दुख जताया. उन्होंने कहा कि एक होनहार छात्र हमने खो दिया. उसके लिए जो हमसे हो सकता था. हमने सबकुछ किया. कानपुर आईआईटी से जुड़े किसी छात्र की कोरोना काल मे ये पहली मौत सामने आई है.
बता दें कि देश के अन्य राज्यों के साथ ही यूपी में भी ब्लैक फंगस के मामले सामने आ रहे हैं. यूपी ब्लैक फंगस प्रभावित शीर्ष 10 राज्यों की सूची में शामिल है. एक तरफ जहां कोरोना के मामलों में कमी आ रही है तो वहीं ब्लैक फंगस के मामले बढ़ने लगे हैं. सरकार ब्लैक फंगस से लड़ने को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं.