उत्तराखंड में लगभग सभी स्थानों पर गुरुवार को भी रूक-रूक कर बारिश जारी रही जबकि मंगलवार को उफनाई मंदाकिनी नदी में बह गये केदारनाथ में राहत डयूटी में तैनात उपजिलाधिकारी का अब तक कुछ पता नहीं चला है.
उत्तराखंड आपदा प्रबंधन एवं न्यूनीकरण केंद्र के अनुसार, राज्य के सभी स्थानों पर रूक-रूक कर मध्यम से भारी बारिश जारी है.
राजधानी देहरादून में भी रूक-रूक कर लगातार बारिश जारी है और पिछले 24 घंटों के दौरान 91.8 मिमी बारिश दर्ज की जा चुकी है. लगातार बारिश जारी रहने से राज्य की सभी प्रमुख नदियों, गंगा, यमुना, सरयू, काली, गोरी और गौला का जलस्तर बढ़ गया है.
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मौसम विभाग द्वारा अभी बारिश जारी रहने की संभावना जताये जाने के मददेजनजर सभी जिलों में प्रशासन को सतर्कता बरतने के निर्देश दिये गये हैं.
इस बीच, बुधवार शाम उफनती मंदाकिनी नदी में बह गये केदारनाथ में राहत ड्यूटी में तैनात उपजिलाधिकारी अजय अरोड़ा का दूसरे दिन भी अब तक कुछ पता नहीं चल पाया. रूद्रप्रयाग की जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा कैन्तुरा ने बताया कि नेशनल डिसास्टर रिलीफ फोर्स और पुलिस के जवान उनकी खोजबीन में लगे हैं.
गौरतलब है कि केदारनाथ से गरूड़चटटी लौटते समय अस्थायी पुल से गुजरने के दौरान अरोड़ा पैर फिसलने से सीधे नीचे मंदाकिनी नदी में जा गिरे और उसके तेज बहाव में बह गये.
उधर, मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने अरोड़ा के नदी में गिरने की घटना को दुखद बताते हुए उनके परिजनों से धर्य बनाये रखने की अपेक्षा की है और कहा है कि राज्य सरकार संकट की इस घड़ी में उनके साथ है.
बहुगुणा ने केदार घाटी तथा अन्य आपदाग्रस्त क्षेत्रों में तैनात अधिकारियों से सावधानी के साथ राहत कार्यों के संपादन करने के लिये कहा है.