मुख्यमंत्री बनने से पहले अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को जनता दरबार लगाया. इस दौरान उन्होंने लोगों के दुख-दर्द और शिकायतों को सुना. केजरीवाल ने एक बार फिर यहां विकास के वादों को दोहराया.