जमीन अधिग्रहण के एक मामले में फंसी नोएडा अथॉरिटी की सीईओ ऋतु माहेश्वरी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है. ऋतु माहेश्वरी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है जिसमें उनके वेतन से 10 हजार रुपये काटने के लिए कहा गया था. ऋतु माहेश्वरी को सुप्रीम कोर्ट से अंतरिम राहत नहीं मिली है.
नोएडा अथॉरिटी की सीईओ ऋतु माहेश्वरी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर इस पर जल्द सुनवाई की गुहार लगाई थी. सुप्रीम कोर्ट ने ऋतु माहेश्वरी की याचिका पर जल्द सुनवाई से इनकार कर दिया. सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश (CJI) डीवाई चंद्रचूड़ ने ऋतु माहेश्वरी की याचिका पर जल्द सुनवाई से इनकार करते हुए कहा कि हम नियमित तरीके से 24 फरवरी को ही सुनवाई करेंगे.
गौरतलब है कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जमीन अधिग्रहण के एक मामले में अवमानना की सुनवाई करते हुए नोएडा अथॉरिटी की सीईओ ऋतु माहेश्वरी से पेश होने के लिए कहा था. ऋतु माहेश्वरी हाईकोर्ट में पेश नहीं हुईं जिसके बाद इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था. ऋतु माहेश्वरी ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.
सुप्रीम कोर्ट ने तब ऋतु माहेश्वरी को अंतरिम राहत देते हुए गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी. सुप्रीम कोर्ट ने ऋतु माहेश्वरी की गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए मामले को सुनवा के लिए दोबारा इलाहाबाद हाईकोर्ट भेज दिया था. इसके बाद इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ऋतु माहेश्वरी के वेतन से 10 हजार रुपये काटने का आदेश दिया था. इसी आदेश के खिलाफ ऋतु माहेश्वरी फिर से सुप्रीम कोर्ट पहुंची हैं.
क्या है मामला
जमीन अधिग्रहण के एक मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद नोएडा अथॉरिटी की ओर से मुआवजा नहीं दिया. याचिकाकर्ता ने फिर से इलाहाबाद हाईकोर्ट में अवमानना की याचिका दायर कर दी. अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ऋतु माहेश्वरी को दो बार कोर्ट में पेश होने के लिए कहा लेकिन वो नहीं पहुंचीं. इस पर नाराजगी जताते हुए हाईकोर्ट ने ऋतु माहेश्वरी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने के आदेश दिए थे.