दोस्तों, सहकर्मियों के साथ बार-पब जाने पर या ऑफिस की पार्टियों वगैरह में एल्कॉहलिक ड्रिंक्स ऑर्डर करना बेहद आम हो चला है. बहुत सारे लोग ऐसे भी हैं, जो आम तौर पर तो शराब से दूर रहते हैं लेकिन पार्टियों आदि में कभी-कभार ड्रिंक्स ले लेते हैं. कुछ चुनिंदा लोगों को छोड़ दें तो अधिकतर लोगों को एल्कॉहलिक ड्रिंक्स ऑर्डर करने से जुड़े सामान्य शिष्टाचार की जानकारी नहीं होती. ऐसे में ये लोग ड्रिंक्स ऑर्डर करते वक्त जाने-अनजाने में कुछ ऐसी गलतियां कर बैठते हैं जो उनकी शाम बिगाड़ सकता है. ऐसे में यह जानना जरूरी है कि ड्रिंक्स ऑर्डर करते वक्त किन बातों का ध्यान रखा जाना चाहिए.
अपनी ड्रिंक को पहचानिए
एल्कॉहलिक ड्रिंक्स का पूरा का पूरा एक संसार है. यहां इतने विकल्प उपलब्ध हैं कि एक शख्स के लिए सभी का जायका ले पाना करीब करीब असंभव है. व्हिस्की, बीयर, रम, वोदका, कॉन्यैक, जिन, वाइन के अलावा कॉकटेल्स और मॉकटेल्स के अनगिनत प्रकार उपलब्ध हैं. चूंकि, पार्टियों में आम तौर पर भुगतान खुद से नहीं करना होता, ऐसे में कुछ लोग कई सारे ड्रिंक्स आजमाने की कोशिश करते हैं. ऐसा करना सही नहीं है क्योंकि इससे काफी नशा हो जाने या हैंगओवर आदि का खतरा रहता है. ऐसे में अपने जायके और स्वास्थ्य के मुफीद ड्रिंक को पहचानना जरूरी है. अगर किसी ड्रिंक के बारे में समझने में दिक्कत हो रही है तो बेझिझक बारटेंडर से उसके बारे में पूछ लीजिए कि वो क्या है. बिना जाने किसी किस्म का एक्सपेरिमेंट बिलकुल मत कीजिए.
ड्रिंक्स को पीने का सही ढंग
सही ड्रिंक ऑर्डर करने के बाद यह भी जरूरी है कि आप उसे पीने का सही तरीका भी जानते हों. उदाहरण के तौर पर अगर आपने कोई महंगी सिंगल मॉल्ट व्हिस्की ऑर्डर की है और आप उसमें पानी मिला लेते हैं तो आप नौसीखिए दिखेंगे. दुनिया भर के वाइन एक्सपर्ट सिंगल मॉल्ट्स को नीट या बिना कुछ मिलाए पीने की सलाह देते हैं. अगर आप पानी मिला देते हैं तो उसके सही फ्लेवर को समझ ही नहीं पाएंगे. ठीक वैसे ही सोचिए कि अगर आप किसी महंगी रेड वाइन में बर्फ डालकर पीते नजर आएं तो यह कितना हास्यास्पद होगा. कुछ कॉकटेल्स के गिलास के रिम पर सॉल्ट लगा होता है ताकि ड्रिंक के साथ सॉल्ट का भी स्वाद आए. ऐसे में इस कॉकटेल को स्ट्रॉ से पीते दिखने वाला मजाक का केंद्र बन सकता है. अगर कोई हार्ड ड्रिंक ऑर्डर किया है तो छोटे-छोटे सिप लें वर्ना यह गले में अटकने से आपको खांसी आ सकती है और आप शर्मिंदा हो सकते हैं.
तकनीकी भाषा का ज्ञान
बार, पब, क्लब आदि में एल्कॉहलिक ड्रिंक्स ऑर्डर करने से जुड़े कुछ मूलभूत तकनीकी शब्द होते हैं, जिनकी जानकारी होना जरूरी है. हार्ड ड्रिंक्स की मात्रा अमूमन स्मॉल और लार्ज के जरिए तय होती है. स्मॉल यानी 30 एमएल, लार्ज यानी 60 एमएल. आपको अपनी जरूरत के हिसाब से ही ड्रिंक्स की मात्रा ऑर्डर करनी चाहिए. कुछ और तकनीकी शब्द होते हैं, जिनको आपको जानने चाहिए. नीट यानी बिना पानी या सोडा मिलाए ड्रिंक. ऑन द रॉक्स यानी गिलास में ढेर सारी बर्फ डालकर उसपर एल्कॉहल डालना. सोडा एट द बैक यानी गिलास में नीट ड्रिंक और अलग से सोडा परोसना. व्हिस्की शॉट यानी छोटे शॉट गिलास में खालिस व्हिस्की. इंडियन हाइबॉल यानी व्हिस्की+आइस+सोडा+पानी.
पैमाने को पकड़ने का तरीका
बहुत सारे लोग यह सोच सकते हैं कि ड्रिंक का गिलास कैसे पकड़ा जाए, इससे क्या फर्क पड़ता है? जी हां, फर्क पड़ता है. साथ ही इससे ड्रिंक्स को लेकर आपकी समझ का पता चलता है. बीयर, व्हिस्की से लेकर वाइन तक को पीने के लिए अलग-अलग तरह के गिलास होते हैं. मसलन: वाइन गिलास में एक लंबा सा हिस्सा होता है, जिसे स्टेम (Stem) कहते हैं. स्टेम से पकड़ने का फायदा यह होता है कि इंसानी हाथ की गर्माहट वाइन में ट्रांसफर नहीं होती और उसका जायका अपने स्वाभाविक तापमान पर वैसा का वैसा ही बना होता है. वहीं, व्हिस्की और अन्य हार्ड ड्रिंक्स आदि परोसने के लिए सबसे ज्यादा इस्तेमाल टंबलर गिलास का तला बेहद भारी और मोटा होता है. वजह वही है कि सतह का तापमान परोसी गई शराब की प्रकृति को न बदले. इन गिलासों को बेस से ही पकड़ें, बीच से नहीं वर्ना आपकी उंगलियों का तापमान गिलास के अंदर की शराब का जायका खराब कर सकता है.
परोसने वाले से सही बर्ताव
कुछ लोग शराब परोसने वाले या क्लब-बार के स्टाफ से बेहद असथ्य तरीके से बर्ताव करते हैं. याद रखें कि वहां मौजूद स्टाफ आपकी मदद के लिए है. सपोर्ट स्टाफ से विनम्रता से पेश आएं. अगर किसी ड्रिंक की जानकारी नहीं तो बिना किसी झिझक उसके बारे में बारटेंडर से पूछ लें. आपकी विनम्रता उसकी सर्विस को और बेहतर बना सकती है. अगर आप संबंधित स्टाफ की सर्विस से खुश नहीं हैं तो उसे कड़े शब्द सुनाने के बजाए मैनेजर से बात करने की कोशिश करें. शराब परोसे जाने वाली जगहों पर उग्र रवैया दिखाना किसी भी तरह से अक्लमंदी नहीं क्योंकि इससे यह छवि बन सकती है कि आप नशे की हालत में ऐसा बर्ताव कर रहे हैं. अगर भीड़-भाड़ ज्यादा है तो उन ड्रिंक्स का ऑर्डर करने से बचें जिनको तैयार करने में ज्यादा वक्त लगता है. क्लोजिंग होते वक्त 'बस आखिरी ड्रिंक' ऑर्डर करने से भी बचिए क्योंकि यह आपकी छवि खराब कर सकता है.
(यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी देने के लिए है. इसका मकसद शराब पीने को बढ़ावा देना बिलकुल भी नहीं है. शराब पीना स्वास्थ्य के लिए हानिकारिक है.)