प्रोटीन हमारे शरीर के लिए बहुत जरूरी है. मांसपेशियों की मजबूती, वेट लॉस और रिकवरी में प्रोटीन की अहम भूमिका है. इसे डाइट में नैचुरल तरीके से या सप्लीमेंट के जरिए लिया जा सकता है. आमतौर पर जिम जाने वाले लोग प्रोटीन सप्लीमेंट ज्यादा लेते हैं. प्रोटीन सप्लीमेंट कई तरह के होते हैं, लेकिन इसमें सबसे फायदेमंद और लोकप्रिय व्हे प्रोटीन (Whey protein) है.
व्हे प्रोटीन को आप बहुत आसानी से अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं. ये पाउडर के रूप में मिलता है और पानी, यॉगर्ट और कई अन्य ड्रिंक्स में मिलाकर इसे पिया जा सकता है. हेल्थ एक्सपर्ट एक दिन में 25-50 ग्राम व्हे प्रोटीन (1 या 2 चम्मच) लेने की सलाह देते हैं.
पोषक तत्वों के अलावा व्हे प्रोटीन में और भी कई फायदेमंद चीजें होती हैं. आइए जानते हैं कि आखिर हेल्थ एक्सपर्ट्स व्हे प्रोटीन को रोज लेने की सलाह क्यों देते हैं और क्या इसके साइड इफेक्ट्स भी हो सकते हैं.
प्रोटीन का अच्छा स्त्रोत- सारे सप्लीमेंट में व्हे प्रोटीन को सबसे अच्छा माना जाता है क्योंकि वो शुद्ध मट्ठे से बनता है. व्हे प्रोटीन दूध से बना प्रोडक्ट है लेकिन इसमें हाई क्वालिटी का प्रोटीन होता है क्योंकि इसमें सभी जरूरी नौ अमीनो एसिड होते हैं. इसके अलावा ये शरीर में आसानी से पच जाते हैं.
एंटीऑक्सीडेंट फंक्शन को बढ़ाता है- व्हे प्रोटीन एंटीऑक्सीडेंट फंक्शन को बढ़ाता और मजबूत करता है. शरीर के टॉक्सिन और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से लड़ने के लिए एंटीऑक्सीडेंट बहुत जरूरी है, इनमें सबसे खास ग्लूटाथियोन एंटीऑक्सीडेंट है. ये एंटीऑक्सीडेंट शरीर में अमीनो एसिड से बनता है और अमीनो एसिड के लिए सही मात्रा में व्हे प्रोटीन लेना जरूरी है.
वेट लॉस में मददगार- वेट लॉस के लिए सबसे जरूरी डाइट में प्रोटीन शामिल करना है. व्हे प्रोटीन तेजी से वेट लॉस करता है. ये कैलोरी की मात्रा कम करता है. व्हे प्रोटीन मेटाबॉलिज्म बढ़ाता है, मांसपेशियों को मजबूत करता है और स्वस्थ वजन बनाए रखता है. स्टडी में भी इस बात की पुष्टि हो चुकी है कि सभी प्रोटीन में व्हे प्रोटीन वेट लॉस के लिए सबसे अच्छा है.
ब्लड शुगर को नियंत्रित करता है- डायबिटीज के मरीजों के लिए डाइट में कार्ब्स कम करना और ज्यादा प्रोटीन शामिल करना जरूरी है. स्टडीज के अनुसार, व्हे प्रोटीन इंसुलिन के स्तर को बढ़ाकर ब्लड शुगर को नियंत्रित करता है. प्रोटीन के अन्य स्त्रोतों की तुलना में व्हे प्रोटीन डायबिटीज में ज्यादा फायदा पहुंचाता है.
इंफ्लेमेशन में मददगार- इंफ्लेमेशन की वजह से पाचन तंत्र में कई तरह की दिक्कतें आ जाती हैं. क्रोहन्स डिजीज और कोलाइटिस जैसी बीमारी में व्हे प्रोटीन को बहुत कारगर माना गया है. अगर आप अपने पाचन तंत्र को दुरुस्त रखना चाहते हैं तो डाइट में व्हे प्रोटीन जरूर शामिल करें. व्हे प्रोटीन नेचुरल तरीके से इंफ्लेमेशन को कम करता है.