ग्रीन टी मोटापा घटाने और प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मददगार है, यह तो आप जानते होंगे. पर क्या आपको पता है कि ग्रीन टी को पीने से किडनी भी सही तरीके से काम करती हैं.
एक हालिया अध्ययन में यह खुलासा किया गया है कि ग्री टी पीने से किडनी से संबंधित बीमारियों का खतरा नहीं होता. शोधकर्ताओं ने बताया है कि ग्रीन टी में कैंसर रोधी दवाओं, खासतौर से सिसप्लेटिन की वजह से किडनी को होने वाले नुकसान को कम करने वाले तत्व पाए गए हैं.
क्या आप जानते हैं ग्रीन टी पीने का सही तरीका और समय?
यह अध्ययन एम्स के शोधकताओं ने किया है. विशेषज्ञों के मुताबिक शोध नतीजों के आधार पर नई दवा की खोज की जा सकती है, जिससे सिस्प्लेटिन से होने वाले नुकसान का मुकाबला किया जा सकेगा.
फायदेमंद होने के साथ ही, खतरनाक भी साबित हो सकती है ग्रीन टी
बता दें कि सिस्प्लेटिन का इस्तेमाल कैंसर के इलाज के दौरान होने वाले कीमोथेरेपी में किया जाता है.
इसकी वजह से किडनी को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचता है.
क्या गर्भावस्था में ग्रीन टी पीना फायदेमंद है?
ग्रीन टी पीने के और भी हैं लाभ :
- वजन घटाने का यह पावरफुल तरीका है. चीनी डाले बगैर ही ग्रीन टी पी जाए तो उसका असर जल्दी दिखता है.
- ओरल और हड्डियों की सेहत के लिए भी ग्रीन टी अच्छी है
- कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल करने में है कारगर
- ब्लड प्रेशर और डायबिटीज को करती है कंट्रोल
- लीवर से संबंधित समस्याओं से बचाती है
- ग्रीन टी में एंटीऑक्सीडेंट्स उच्च मात्रा में होते हैं, जिसकी वजह से प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और यह एंटी एजिंग मेडिसिन की तरह काम करती है.