अबीर गुलाल, नाच गाना और गुझियों-सेवइयों के बीच तमाम नुकसानदेह केमिकल वाले रंग. रंगों में सराबोर होकर नाचने को तो आपने तैयारी कर ही ली होगी. मुंह और हाथ पैर पर मालिश करके ही घर से बाहर निकलने के लिए तेल या क्रीम भी तैयार रखी होगी. पर आपके सिल्की बालों का क्या? रंगों के तमाम हानिकारक केमिकल्स आपके बालों पर काफी बुरा असर डालते हैं. इनसे बाल न सिर्फ रूखे और बेजान होते हैं, बल्कि सफेद होने लगते हैं और टूटने भी लगते हैं. लेकिन कुछ नेचुरल तरीकों से आप अपने कोमल और मुलायम बालों को बचा सकते हैं.
1. सबसे पहले ध्यान रखने वाली बात यह है कि होली खेलने जाने से पहले मुंह और हाथ पैर पर क्रीम लगाने के अलावा अपने सर पर उंगलियों से अच्छे से चम्पी कर लें. ध्यान रहे कि आपको अपने बालों में टेक नहीं लगाना है, वरना रंग बालों में चिपक सकते हैं.
2. होली खेलने के बाद बालों को साफ पानी से काफी देर तक धोएं, ताकि अंदर तक चिपका रंग धुल जाए. क्यूंकि आपके बाल पहले ही कड़े और हानिकारक रंगों का सामना कर चुके हैं, तो उन्हें किसी स्ट्रांग शैम्पू से न धोएं. बल्कि एक माइल्ड हर्बल शैम्पू इस्तेमाल में लाएं.
3. बालों का पीएच बैलेंस बनाए रखने के लिए एक मग पानी में नींबू का रस मिलाकर उससे आखिरी बार बालों को धो लें.
4. 2 चम्मच पिसी हुई मेथी को एक कटोरी दही में मिलाकर अपने बालों में लगाएं और करीब 15 मिनट बाद एक माइल्ड शैम्पू से धो लें. यह मिश्रण सारे केमिकल्स को निकाल देता है.
5. अगर आपके बाल ग्रे या सफेद हो चुके हैं, तो होली के रंग उन पर अच्छे से चढ़ सकते हैं. और ऐसे में लाल-हरे पुते बालों में से रंग महीने भर तक नहीं उतरता है. तो होली खेलने से पहले अपने बाल डाई करना न भूलें.
6 आखिर में जब बाल धोने के बाद सारा रंग उतरचूका हो, तो एक अच्छे हर्बल आयल से फिर से चम्पी करें ताकि आपके बालों का फिर से कायाकल्प हो सके.