देश में कोविड-19 वैक्सीनेशन के कारण कोरोना वायरस की दूसरी लहर घटती दिखाई दे रही है. इसके चलते वैक्सीनेशन के बाद लोगों में हल्का बुखार, थकान, कमजोरी जैसे सामान्य साइड इफेक्ट्स देखने को मिल रहे हैं. लेकिन कोविड वैक्सीन को लेकर कई लोग अभी इसे लगवाने से डर रहे हैं. ऐसे में अमेरिका के फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन की एक नई स्टडी सामने आई है.
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दरअसल, यूएस फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन ने Moderna और Pfizer-BioNTech कोविड-19 वैक्सीन के साइड इफेक्ट के तौर पर एक फैक्ट शीट तैयार की है. इसमें वैक्सीन से होने वाले मायोकार्डिटिस और पेरिकार्डिटिस के खतरों के बारे में आगाह किया है. इस रिपोर्ट के अनुसार, वैक्सीनेशन के बाद विशेष रूप से वैक्सीन की दूसरी डोज लेने के बाद दिल में दो तरह से सूजन का खतरा हो सकता है.
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इस हफ्ते की शुरुआत में, यूएस सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के वैक्सीन सलाहकारों के अनुसार, वैक्सीन की दोनों 300 मिलियन डोज दिए जाने के बाद एजेंसी को दिल में सूजन (heart inflammation) की लगभग 1,200 रिपोर्ट मिली थीं. सीडीसी ने ऐसे लगभग 300 मामलों की पुष्टि की है, जिसमें युवा और किशोरावस्था दोनों ही उम्र के लोग शामिल थे.
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बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मैथ्यू ओस्टर ने सलाहकारों को बताया कि इस तरह के मरीज जल्दी ठीक भी हो रहे हैं. एफडीए के अनुसार, अगर किसी व्यक्ति को वैक्सीनेशन के बाद, सीने में दर्द, सांस की तकलीफ या दिल की धड़कन तेज होने जैसे लक्षण महसूस होते हैं, तो वे तत्काल डॉक्टर की सलाह लें. उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है.
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एफडीए ने कहा कि ये अपडेट बुधवार को सीडीसी की एडवाइजरी कमेटी ऑन इम्यूनाइजेशन प्रैक्टिस की बैठक में सूचना की व्यापक समीक्षा और चर्चा के मुताबिक है. इस बैठक में प्रस्तुत फैक्ट शीट के आंकड़ों को संशोधित करने के फैसले पर जोर दिया गया है.
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एसीआईपी (ACIP) सदस्यों ने सहमति जताते हुए कहा कि वैक्सीनेशन का किशोरों और वयस्कों में दिल की सूजन के मामलों के बीच संबंध हो सकता है. लेकिन इलाज से सभी मामलों में सुधार आया और मरीज तेजी से ठीक हो गए. सलाहकारों ने कहा कि कुछेक मामलों को छोड़कर वैक्सीनेशन के लाभ अधिक हैं.
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