भारत में नहीं होता है एसिम्प्टमैटिक लोगों का टेस्ट
इन आंकड़ों से भारत के टेस्टिंग सिस्टम पर भी सवाल उठता है. ICMR की गाइडलाइन्स के मुताबिक, सिर्फ लक्षण वाले लोग ही कोरोना वायरस का टेस्ट करा सकते हैं. 18 मई के जारी एक और गाइडलाइन में कहा गया कि, 'हाई रिस्क एसिम्प्टमैटिक और कोरोना वायरस के सीधे संपर्क में आने वाले लोगों के भी टेस्ट किए जाने चाहिए.'