शादी जीवनभर का रिश्ता होता है. शादी को लेकर ज्यादातर लोग इस बात की कन्फ्यूजन में रहते हैं कि आखिर उन्हें अपने घर वालों की पसंद के व्यक्ति से शादी करनी चाहिए या अपनी पसंद के. शादी लव हो या अरेंज दोनों की अपनी विशेषताएं और खामियां होती हैं. हालांकि कुछ लोगों को तो अपना हमसफर मिल जाता हैं. इसलिए उन्हें शादी का निर्णय लेने में ज्यादा परेशानी नहीं होती. लेकिन जो लोग अभी भी अपने जीवनसाथी की तलाश में हैं उनके लिए लव और अरेंज मैरिज में किसी एक का चयन करना बहुत मुश्किल है. अगर आप भी उनमें से एक हैं तो जानिए लव और अरेंज मैरिज में कौन सी शादी ज्यादा चलती है...
लव मैरिज: लव मैरिज में पार्टनर्स के बीच पहले से ही बहुत प्यार होता है. इसलिए अगर कभी किसी बात पर अनबन हो भी जाती है तो वो खुद से सुलाह कर लेते हैं. क्योंकि उन्हें इस बात की अच्छे से जानकारी होती है कि उनके पार्टनर को किस बात पर गुस्सा आता है और उस गुस्से को कैसे शांत किया जा सकता है.
अरेंज मैरिज: एक सर्वे के मुताबिक, भारत में लगभग 75 फीसदी लोग अरेंज मैरिज करने में यकीन रखते हैं. क्योंकि अरेंज मैरिज में आप पार्टनर का चयन भावनाओं में आकर नहीं बल्कि अच्छे से विचार करके अपनी पर्सेनेलिटी, बैकग्राउंड, स्टेटस से मैच करता हुआ साथी चुनते हैं.
लव मैरिज: लव मैरिज जहां एक अच्छी शादी साबित होती है वहीं इसके कुछ नेगेटिव इफेक्ट्स भी होते है. दरअसल, जब आप किसी से प्यार करते हो आपको उस व्यक्ति में खामियां दिखाई नहीं देती. साथ ही रिलेशनशिप में डेट प्लान करने, लंच, डिनर शोना, बैबी में इतने खो जाते हैं कि वो शादी के बाद एक खुशहाल जीवन के लिए जरूरी बातों पर अपने पार्टनर से चर्चा करना भी जरूरी नहीं समझते. इसलिए शादी के बाद कई समस्याएं सामने आने लगती हैं. जिनके कारण रिश्ते में दरार पड़ने लगती है.
अरेंज मैरिज: अरेंज मैरिज में लोगों को पार्टनर की फैमिली से भरपूर स्पोर्ट मिलता है. क्योंकि जब आपका पार्टनर आपके परिवार की पसंद का होता है तो वो उन्हें इज्जत तो देते ही हैं साथ ही जीवन के हर सख-दुख में उनका साथ भी देते हैं.
लव मैरिज: लव मैरिज की सबसे अच्छी बात ये होती है कि पार्टनर्स को एक दूसरे की खूबियों के साथ खामियों की भी जानकारी होती है.
अरेंज मैरिज: लव मैरिज में आप अपने पार्टनर को पहले से ही समझते हैं. इसलिए शादी के बाद आपको पार्टनर को जानने में ना रूचि होती है और ना ही जरूरत. लेकिन अरेंज मैरिज में शादी के बाद पार्टनर को जानना, समझना, रोमांस करना काफी इंटरेस्टिंग होता है. धीरे- धीरे ये खूबसूरत एहसास प्यार का रूप ले लेता है और शादी का रिश्ता काफी मजबूत हो जाता है.
लव मैरिज: हर शादी में कभी ना कभी कुछ समस्याएं सामने आ ही जाती हैं. लेकिन अपनी पसंद से शादी करने वाले लोग उन समस्याओं को अपने परिवार वालों के साथ शेयर नहीं कर पाते. क्योंकि शादी का फैसला उनका खुदका होता है. जिस वजह से हर धुविधा का उन्हें खुद ही रास्ता निकालना होता है. जो व्यक्ति को तनाव में डाल देता है और एक प्यार भरा रिश्ता टूटने लगता है.
अरेंज मैरिज: लव मैरिज की तरह अरेंज मैरिज में कई समस्याएं हो सकती है. दरअसल, अरेंज मैरिज में आपको पार्टनर के स्वाभाव, उनकी पसंद ना पसंद, अनके अतीत की कुछ जानकारी नहीं होती है. अचानक पार्टनर का छुपा हुआ रूप सामने आने से रिश्ते की चमक फीकी पड़ सकती है.
लव मैरिज: लव कपल के बीच ज्यादा अच्छी केमिस्ट्री होती है. दोनों एक दूसरे को अच्छे से समझते हैं. एक दूसरे की पसंद ना पसंद को पहले से ही जानते हैं. शादी के बाद उनका ये प्यार और गहरा हो जाता है.
शादी लव हो या अरेंज, ये तभी सफल होती है जब दो लोग एक दूसरे से प्यार के साथ एक दूसरे की इज्जत भी करते हैं. शादी को खुशहाल बनाए रखने के लिए अपने पार्टनर पर विश्वास करना बहुत जरूरी है. जितना हो सके छोटी-छोटी समस्याओं को इग्नोर करें. एक दूसरे से अपने प्यार का इजहार जरूर करें, और अपने पार्टनर के कुछ अच्छा करने पर उनकी तारीफ जरूर करें. ऐसे रिश्ते में मिठास बनी रहेगी और आपका शादीशुदा जीवन सुखमय बना रहेगा.