MP News: रीवा जिला न्यायालय ने एक बहुचर्चित गैंगरेप के मामले में 8 आरोपियों को कठोर सजा से दंडित करने का ऐतिहासिक फैसला सुनाया है. 6 माह पहले नवदंपती को बंधक बनकर आरोपियों ने गैंगरेप की हैवानियत की थी. इस अपराध को अदालत ने जघन्य माना. सभी आरोपियों को आजीवन कारावास के साथ 2 लाख 30 हजार रुपए के अर्थदंड से भी दंडित किया है.
पूरा मामला नवदंपती से हुई हैवानियत से जुड़ा हुआ है. रीवा जिले के गुढ़ थाना इलाके में 21 अक्टूबर 2024 को एक नवदंपति भैरव बाबा की पहाड़ी स्थित मंदिर के दर्शन कर लौट रहा था. तभी आरोपियों ने पति-पत्नी को बंधक बना लिया. आरोपी घटनास्थल पर शराब पार्टी कर रहे थे.
आरोपियों ने नवदंपती के साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी देकर महिला से गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया था. वारदात को अंजाम देने की बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे.
जानकारी मिलते ही पुलिस ने 8 आरोपियों पर BNS 70(1), 127(2), 115, 190, 351(3), 238 का मामला दर्ज किया. पुलिस की अलग-अलग टीमों ने आरोपियों की धरपकड़ के लिए कई जगह दबिश देकर सभी आरोपियों को हिरासत में लिया.
लोक अभियोजक अधिवक्ता विकास द्विवेदी ने बताया कि इस मामले को फास्ट ट्रैक में चलाया गया था. 6 महीने के अंदर जिला न्यायालय में चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश पदमा जाटव की अदालत ने तथ्य प्रमाणित पाए जाने के बाद गैंगरेप के सभी 8 आरोपी रामकिशन, गरुड़ कोरी, राकेश गुप्ता, सुशील कोरी, रजनीश कोरी, दीपक कोरी, राजेंद्र कोरी और लवकुश कोरी आजीवन कारावास की सजा सुनाई है. साथ ही प्रत्येक आरोपियों को 2 लाख 30 हजार के अर्थदंड से भी दंडित किया है. इन्हें आखिरी सांस तक जेल की सलाखों के पीछे रहना होगा.