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बसाली झरना बना आकर्षक पिकनिक स्पॉट, पहाड़ी रास्तों में पर्यटकों के लिए 'ट्रेकिंग रूट' की भी प्लानिंग

बसाली झरने के पास ही पर्यटकों के रुकने के लिए चार रहवासी कॉटेज बनाये जा रहे हैं. झरने तक पहुंच मार्ग की मरम्मत की जा रही है. यहां आने वाले पर्यटकों के खान-पान की व्यवस्था के लिये एक कैंटीन तैयार की जा रही है.

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मनमोहक बसाली झरने का दृश्य.
मनमोहक बसाली झरने का दृश्य.

MP News: बुरहानपुर ब्लॉक के बसाली गांव के पास एक अत्यंत मनोरम प्राकृतिक झरना है, जो लोगों को सहज ही अपनी ओर आकर्षित कर रहा है. लोग इस बरसाती झरने को 'बसाली झरना' के नाम से जानते हैं. अनुपम प्राकृतिक सौंदर्य और बारिश से फैली हरियाली के बीच यह झरना इतना मनमोहक है कि पर्यटक खुद को यहां आने से रोक नहीं पाते. 

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केंद्र सरकार की ओर से जनजातीय आबादी बहुल गांवों के विकास के लिए 'प्रधानमंत्री आदि आदर्श ग्राम योजना' चलाई जा रही है. इस योजना से बुरहानपुर जिले में ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भी कई प्रकार के विकास कार्य कराये जा रहे हैं. इससे ग्रामीणों की सुविधाओं में इजाफा तो हो ही रहा है, साथ ही पर्यटन को भी प्रोत्साहन मिल रहा है.

पर्यटकों के लिए रहवासी कॉटेज का निर्माण

योजना में स्वीकृत राशि से बसाली झरने के पास ही पर्यटकों के रुकने के लिए चार रहवासी कॉटेज बनाये जा रहे हैं. झरने तक पहुंच मार्ग की मरम्मत की जा रही है. यहां आने वाले पर्यटकों के खान-पान की व्यवस्था के लिये एक कैंटीन तैयार की जा रही है. पर्यटकों के मनोरंजन के लिए बसाली झरने के पास पहाड़ी रास्तों में 'ट्रेकिंग रूट' तैयार करने की भी योजना है. इस ट्रेकिंग रूट से पर्यटक जंगल की सैर भी कर सकेंगे, जो उन्हें प्रकृति के और ज्यादा करीब ले जाएगी. इन सभी प्रयासों से यह झरना एक आकर्षक पिकनिक स्पॉट के रूप में अपनी पहचान बनायेगा.

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आजीविका मिशन की दीदियां बनेंगी टूरिस्ट गाइड

बसाली झरने के पास तैयार की जा रही कैंटीन स्व-सहायता समूह की महिलाएं चलाएंगी. इससे उन्हें रोजगार मिलेगा, साथ ही वे आत्म-निर्भर भी बनेंगी. बुरहानपुर जिले में अन्य राज्यों और जिलों से आने वाले बाहरी पर्यटकों की सुविधा के लिए स्व-सहायता समूह की महिलाओं को 'टूरिस्ट गाइड' के रूप में तैयार करने की तैयारी है. बसाली के स्व-सहायता समूह की महिलाओं को आजीविका मिशन से टूरिस्ट गाइड का प्रशिक्षण दिया जाएगा. इसके बाद इन्हें परिचय-पत्र भी दिए जाएंगे, जो इन्हें प्रोफेशनल टूरिस्ट गाइड की पहचान दिलाएगा. यह काम इसी साल के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा.

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