इंदौर को भिक्षुक मुक्त बनाने के लिए महिला बाल विकास विभाग ने बड़ा अभियान चलाते हुए 14 भिक्षुओं को पकड़ा है. इस कार्रवाई में राजवाड़ा के शनि मंदिर के पास भीख मांग रही एक महिला के पास से 75 हजार रुपये बरामद हुए, जिसे उसने 10-12 दिनों में इकट्ठा किया था.
कलेक्टर आशीष सिंह के निर्देश पर यह अभियान फरवरी से चल रहा है. इसके तहत शहर के विभिन्न इलाकों, मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर भिक्षा मांगने वाले लोगों को पकड़कर उज्जैन के सेवा धाम आश्रम भेजा जा रहा है.
परियोजना अधिकारी दिनेश मिश्रा ने बताया कि उनकी टीम ने राजवाड़ा स्थित शनि मंदिर के पास भीख मांग रही एक महिला को पकड़ा. उसने अपनी साड़ी में 75 हजार रुपये छुपाए थे. यह राशि उसने 10-12 दिनों में भिक्षा मांगकर जमा की थी. महिला इंदौर के पालदा इलाके की रहने वाली है.
महिला बाल विकास विभाग ने सभी भिक्षुओं को उज्जैन के सेवा धाम आश्रम भेज दिया है. वहां उनकी काउंसलिंग की जा रही है, ताकि उन्हें भिक्षावृत्ति छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके.
परियोजना अधिकारी ने बताया कि शहर में कुछ ऐसे परिवार हैं, जो बार-बार पकड़े जाने के बावजूद भिक्षावृत्ति में लिप्त हैं. अभियान के तहत इन पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है.