मध्य प्रदेश के विदिशा से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां इंजीनियरिंग कर रहे एक छात्र ने ऑनलाइन गेम खेलने की लत और लाखों रुपये हारने के बाद घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. वह जुएं में लाखों रुपये हार चुका था. यह पैसा उसने कर्ज लिया था.
इसकी जानकारी मिलने के बाद छात्र मनीष के पिता सुनील नायक ने करीब 6 लाख रुपए का कर्ज चुकाया था. उन्हें उम्मीद थी कि उनका 20 साल का बेटा अब दोबारा इस जाल में नहीं फंसेगा. मगर, मनीष को तो ऑनलाइन गेमिंग की लत लग चुकी थी. वह अपने हारे हुए पैसों को रिकवर करने और जल्द अमीर बनने के चक्कर में एक बार फिर से इसमें पैसे लगाने लगा.
इस बार माता-पिता के बैंक खातों से पैसे निकालकर किए खर्च
इस बार युवक ने अपने माता-पिता के बैंक खाते से पैसे निकालकर ऑनलाइन गेम खेलने में खर्च किए थे. मगर, वह कभी जीत नहीं सका और इसकी वजह से उसका मानसिक तनाव बढ़ गया. लिहाजा, उसने आखिर में यह बड़ा कदम उठाते हुए घर में ही फांसी का फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली. घटना पुलिस को सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर उसका पोस्टमार्टम कराया.
घर वालों ने पहले भी समझाया था, लेकिन मनीष नहीं माना
पुलिस के अनुसार, मनीष पहले भी ऑनलाइन गेम में पैसे गंवा चुका था, जिसके बाद घर वालों ने उसे गेमिंग से दूर रहने की समझाइश दी थी. मगर, छात्र नहीं माना और फिर से गेम खेलने लगा. इसके चलते वह पैसे हारने लगा. विदिशा के सिविल लाइन थाने में पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है.
बताया जा रहा है कि मनीष जिस कॉलेज से इंजीनियरिंग कर रहा था, उसी कॉलेज में उसके पिता सुनील काम करते थे. इस घटना के बाद घर में मातम पसरा हुआ है.