महाराष्ट्र के सियासी संकट में राजभवन भी एक्टिव मोड पर आ गया है. कोविड के उबरते ही राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने महाराष्ट्र सरकार के अंधाधुंध फैसले पर हिसाब मांग लिया. राज्यपाल ने 22, 23 और 24 जून को लिए फैसले की फाइल मंगवी ली है. सूत्रों के मुताबिक, इन तीन दिनों में उद्धव सरकार ने 200 से ज्यादा फाइलों को मंजूरी दी. शिंदे गुट की सेंघमारी खत्म नहीं हो रही है. आज एक और शिवसेना के विधायक गुवाहाटी पहुंच सकते हैं. अगर एक विधायक शिंदे गुट का दामन थामता है तो बागी गुट के साथ 40 शिवसेना विधायक हो जाएगी और उद्धव के साथ सिर्फ 15 बचेंगे. देखें
Maharashtra Governor Bhagat Singh Koshyari has asked the state government to give details of the files and proposals cleared between June 22-24. The direction comes amid allegations that following rebellion by the Shiv Sena MLAs, a number of files were cleared and government resolutions (GRs) issued in a hurry in Mantralaya.