आज सबसे पहले हम आपको ये बताएंगे कि क्या ईरान में तख्तापलट का वक्त बेहद करीब आ चुका है? इस वक्त ईरान अपने इतिहास के सबसे खतरनाक प्रदर्शनों में से एक का गवाह बन रहा है. करीब दो हफ्तों से जारी ये प्रदर्शन अब बेकाबू हो चुके हैं. हिंसा, आगजनी, सुरक्षाकर्मियों पर हमलों ने ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या अब भी ईरान में रहना उनके लिए ठीक है? देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
आज सबसे पहले इस बात का विश्लेषण करेंगे कि क्या अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप तीसरा विश्वयुद्ध कराने वाले हैं? एक तरफ ट्रंप नए साल के लिए Resolution ले रहे हैं कि वो इस साल दुनिया में शांति लाना चाहते हैं. लेकिन दूसरी तरफ ऐसा लग रहा है कि तीसरे विश्वयुद्ध की नींव वो खुद रख रहे हैं. पहले तो उन्होंने वेनेजुएला पर हमला कर वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को उनके घर से उठवा लिया और इसके बाद अमेरिका ने रूस के एक जहाज पर कब्जा कर लिया.
आज सबसे पहले आपको उस खतरनाक गठजोड़ के बारे में बताएंगे जिसके आगे कोर्ट का आदेश और उसका पालन कराने वाला पुलिस प्रशासन भी कमजोर पड़ जाता है. ये गठजोड़ है- अवैध अतिक्रमण और धर्म का गठजोड़. जहां अवैध कब्जों को बचाने के लिए मजहब की दीवार खड़ी कर दी जाती है. जिसे भेदना कानून के रखवालों के लिए भी मुश्किल हो जाता है. दिल्ली में फैज-ए-इलाही मस्जिद की आड़ में आसपास की 38 हजार वर्गफुट जमीन पर अवैध कब्जा किया गया.
आज सबसे पहले आपको JNU की जमीन से उठे वो कर्कश, अभद्र और जहरीले शब्द सुनवाएंगे जो... 'भारत के टुकड़े करने' की जंग से होते हुए देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह की कब्र खोदने की धमकी तक आ पहुंचे हैं. ठीक दस साल पहले 2016 की सर्दियों में इसी JNU की धरती पर एक आतंकवादी के समर्थन में नारेबाजी हुई और इस आतंकवादी की फांसी के विरोध में भारत के टुकड़े करने की कसमें खाई गईं. और अब 10 साल बाद JNU में ये नारेबाजी दिल्ली में दंगा कराने के आरोपियों के समर्थन में हो रही है. वो दंगा आरोपी जिन्हें कोर्ट भी जमानत देने को तैयार नहीं है.
अमेरिका की सेना ने 3 जनवरी को Venezuela में घुसकर वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को उनके घर से उठा लिया. अब उन पर अमेरिका में मुकदमा चलाया जाएगा. राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिका को वेनेजुएला का नया इंचार्ज बताया. आखिर इस कार्रवाई के पीछे अमेरिका का असली मकसद क्या है? देखें ब्लैक एंड व्हाइट विश्लेषण.
आईपीएल के मिनी ऑक्शन में KKR ने बांग्लादेश के तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को खरीदा है. इस ऑक्शन के लिए कुछ नेता और धर्मगुरु Kolkata Knight Riders के मालिक शाहरुख खान की आलोचना कर रहे हैं और उनसे ये पूछ रहे हैं कि वो उस देश के खिलाड़ी को अपनी टीम में कैसे जगह दे सकते हैं, जिस देश में अल्पसंख्यक हिन्दुओं की नृशंस हत्याएं हो रही हैं.
इस बार सिर्फ साल नहीं बदला है बल्कि इस बार भारत ने नए साल के उत्सव की परम्परा को भी बदल दिया है, कभी 1 जनवरी का दिन मुख्यतः पार्टियों, पर्यटन और शोर-शराबे से जुड़ा माना जाता था लेकिन अब बड़ी संख्या में लोग नए साल की शुरुआत मंदिरों में देवी-देवताओं का आशीर्वाद लेकर कर रहे हैं. देखें ब्लैक एंड व्हाइट विश्लेषण.
साल 2025 में भारत ने कई बड़ी चुनौतियों का सामना किया. पहलगाम आतंकी हमले से लेकर लाल किले के धमाके तक देश तनाव में रहा. भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत आतंकियों को कड़ा जवाब दिया. दिल्ली में डॉक्टरों सहित सात आतंकियों को गिरफ्तार किया गया. अमेरिका ने भारत पर टैरिफ बढ़ाकर दबाव डाला, लेकिन भारत ने अपनी विदेश नीति में स्वतंत्रता कायम रखी. देखें ब्लैक एंड व्हाइट का 2025 विशेषांक.
साल 2025 का जाना सिर्फ एक साल का जाना नहीं है, बल्कि ये 21वीं सदी के 25 सालों का जाना है. जिसे इस सदी की सिल्वर जुबली भी कह सकते हैं. इन 25 सालों में भारत की यात्रा कैसी रही और आने वाले 25 साल कैसे रहेंगे? इन 25 सालों के आर्थिक, सामाजिक, राजनीतिक और भौगोलिक पहलुओं में बदलाव आए. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
पाकिस्तान का ऑपरेशन सिंदूर को लेकर बोला गया झूठ अब बेनकाब हो गया है. इससे पहले पाकिस्तान ने युद्ध हारने के बाद झूठा नैरेटिव गढ़ा और दुष्प्रचार किया, लेकिन 2025 के जाते-जाते इस नैरेटिव की पोल खुलनी शुरू हो गई. अब पाकिस्तान के राष्ट्रपति और विदेश मंत्री ने कबूला है कि ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के नेताओं की बंकर में छुपने की नौबत आ गई थी. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
ये तस्वीरें राजस्थान के जयपुर ज़िले से आई हैं, जहां देर रात चौमूं कस्बे में हिंसा भड़क गई. हिंसा भड़कने का कारण ये था कि पुलिस एक मस्जिद के बाहर हुए अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करना चाहती थी. पुलिस के मुताबिक उसने मस्जिद के संचालकों को इसकी सूचना भी दी थी और उन्हें ये बताया था कि मस्जिद के बाहर सड़क किनारे जो पत्थर रखे गए हैं, वो नियमों के खिलाफ हैं. देखें
17 साल बाद पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा ज़िया के बेटे तारिक रहमान अपने परिवार के साथ लंदन से ढाका लौटे हैं। माना जा रहा है कि वो BNP की तरफ से 12 फरवरी को होने वाले संसदीय चुनावों में प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार हो सकते हैं. ये समय का चक्र ही है कि जब तारिक रहमान 17 साल पहले बांग्लादेश से निर्वासित हुए थे, तब शेख हसीना को प्रधानमंत्री की कुर्सी मिली थी. आज जब शेख हसीना बांग्लादेश छोड़ चुकी हैं, तब तारिक रहमान प्रधानमंत्री बनने के लिए ढाका वापस लौट आए हैं.
हमारा आज का पहला विश्लेषण उस टारगेट किलिंग के खिलाफ होगा, जिसमें बांग्लादेश के अल्पसंख्यक हिन्दुओं को निशाना बनाया जा रहा है. आज 6 दिन बाद भी बांग्लादेश में हालात सुधरे नहीं है. चटगांव में कुछ अज्ञात लोगों ने हिन्दू परिवारों के घरों को आग लगा दी है. और ढाका में हिन्दुओं के खिलाफ नारे लगाए गए हैं. विभाजन से पहले बांग्लादेश के यही हिंदू भारत के हिंदू माने जाते थे लेकिन आज इन हिन्दुओं को डर है कि धीरे धीरे नफरत की ये आग उन तक भी पहुंचेगी और एक दिन बांग्लादेश से सभी हिन्दुओं को सफाया हो जाएगा.
जिस देश की कमान इस्लामिक कट्टरपंथियों के हाथों में हो, वहां के अल्पसंख्यक समुदाय का सुकून छिनना तय है. बांग्लादेश इसका जीता-जागता उदाहरण है. जिस हिंसक भीड़ ने दीपू चंद्र दास की मॉब लिंचिंग की थी, उस भीड़ से वो लोग कैसे हार गए, जो दीपू को इंसाफ दिलाना चाहते हैं. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
बांग्लादेश में कट्टरपंथियों की भीड़ ने दीपू दास की इसलिए मॉब लिंचिंग की क्योंकि उन पर पैगम्बर मोहम्मद साहब का अपमान करने का आरोप था. लेकिन अब बांग्लादेश की पुलिस ने अपनी शुरुआती जांच में बताया है कि उसे दीपू पर लगे किसी भी आरोप का सबूत नहीं मिला है. इस पर ना तो किसी ने All Eyes On Bangladesh की मुहिम चलाई और ना ही किसी ने Hindu Lives Matter का नारा लगाया. क्या बांग्लादेश के 1 करोड़ 30 लाख अल्पसंख्यक हिंदुओं की जान की कोई कीमत नहीं? देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
बांग्लादेश में पिछले साल उठी चिंगारी अब ज्वालामुखी में बदल चुकी है, जिसमें अल्पसंख्यक हिंदुओं की हत्याओं से लेकर भारत विरोधी भावनाओं तक सब शामिल है. बांग्लादेश में हिंसक भीड़ ने एक हिंदू मजदूर की पीट-पीट कर हत्या कर दी, और पुलिस-सेना के सामने नाच-नाच कर जश्न मनाया. दूसरी तरफ, वहां अज्ञात लोगों ने छात्र नेता उस्मान हादी की हत्या कर दी. जिसके बाद बांग्लादेश में हिंसा, आगजनी और बवाल फिर से शुरू हो गया. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
आज मैं आपको उस हवा में लेकर चलूंगी जिसकी दवा पूरी दिल्ली खोज रही है. कुछ दिन पहले तक सुबह उठकर टीवी और अखबार में 'आज का राशिफल' देखने वाले... अब सुबह उठकर सबसे पहले 'आज का AQI' चेक कर रहे हैं. 'दिल्ली अब दूर नहीं' कहने वाले.. अब कह रहे हैं कि कुछ दिन दिल्ली से दूर रहें तो ही अच्छा है. अब दिल्ली में सांस लेना ही 'सेहत' पर भारी है... सोचिए ये कितनी गंभीर बीमारी है? इस बीमारी का इलाज खोजने के लिए मैं खुद दिल्ली के घनघोर प्रदूषण और खतरे के निशान से ऊपर बहते AQI में पहुंची ताकि आपको ये बता सकें कि आज दिल्ली का किस हद तक दम घुट रहा है.
प्रधानमंत्री मोदी की जॉर्डन से आई तस्वीरों को देखकर कार वाली कूटनीति की जमकर चर्चा हो रही है. जॉर्डन के क्राउन प्रिंस हुसैन बिन अब्दुल्ला ने खुद गाड़ी चलाई और पीएम मोदी उनके साथ वाली सीट पर बैठे हुए थे. इससे पहले पीएम मोदी दिल्ली में रशिया के राष्ट्रपति पुतिन के साथ एक ही कार में बैठकर आए थे. अमेरिका और इजरायल में भी उनकी कार वाली डिप्लोमेसी देखने को मिली थी. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में Bondi Beach पर हुए आतंकी हमले में 16 लोगों की मौत हो गई. बड़ी बात ये है कि जिन दो आतंकियों ने ये हमला किया वो पाकिस्तानी मूल के बाप-बेटे बताए जा रहे हैं जिन्होंने इस्लामिक जिहाद के लिए यहूदियों के त्योहार के दौरान के हमला किया. ये तस्वीरें इसी साल 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले की याद दिलाती हैं. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में जहां बाबरी मस्जिद की नींव रखी गई, वहां एक साथ हजारों लोगों ने जुमे की नमाज अदा की. बंगाल में हुमायूं कबीर को लगता है कि चुनावों से पहले बाबरी मस्जिद का ऐलान करने का दांव उन्हें बंगाल चुनावों में किंग मेकर बना देगा. देखें ब्लैक एंड व्हाइट.
पाकिस्तान के सूचना मंत्री अब्दुल अलीम खान ने कहा है कि पाकिस्तान के 4 बड़े प्रांतों को बहुत जल्द 12 छोटे-छोटे प्रांतों में बांटा जा सकता है. पाकिस्तान की सरकार और सेना अपने देश के टुकड़े-टुकड़े क्यों करना चाहती है और क्या इसकी वजह से पाकिस्तान में एक नए गृह युद्ध की शुरुआत होने वाली है?