तो क्या हिन्दुस्तान की ताकत से डर गए इमरान खान और इसी डर में अब वो एटमी जंग का डर दिखा रहे हैं? याद कीजिए यही इमरान कभी भारत को ईंट का जवाब पत्थर से देने की धमकी दे रहे थे तो कभी कश्मीर का मसला यूएन में ले जाने की गीदडभभकी दे रहे थे. साफ है कि बौखलाहट में पाकिस्तान का विवेक खत्म हो गया है. तभी तो पाक विदेश मंत्री कश्मीर मसला अंतरराष्ट्रीय न्यायालय ले जाने की गीदड़भभकी दे चुके हैं, जिस पर वहीं के कानून मंत्रालय को ये बताना पड़ा कि इस मसले पर पाकिस्तान का केस कमजोर है. ऐसे में बड़ा सवाल ये है कि ऐसे ऊलजलूल बयानों से पाकिस्तान क्या साबित करना चाहता है? उसका क्या इलाज है? देखें दंगल.