महाराष्ट्र चुनावों की जगह कई राजनीतिक दलों के बीच आपसी झगड़े ने ली है. भाजपा, शिवसेना, एन सी पी, और अन्य सभी दलों के बीच आपसी संघर्ष और सीटों का बंटवारा चुनावी नतीजों पर भारी पड़ सकता है. इसके बावजूद, आम आदमी अभी भी अपने लिए सबसे बेहतर पार्टी को चुनने में उलझन में है.