दिल्ली के बुराड़ी का एक हंसता खेलता परिवार. परिवार में 11 सदस्य. जो हर खुशी और गम में साथ साथ रहे, लेकिन रविवार की सुबह उस परिवार के घर से एक साथ निकलीं 11 लाशें. जो परिवार साथ साथ जीता था, साथ साथ ही मौत के मुंह में समा गया. ये कत्ल था, सामूहिक आत्महत्या थी या फिर किसी अंधविश्वास का नतीजा?