दिल्ली-एनसीआर में दमघोंटू माहौल है, पूरा दिल्ली गैस चैंबर में तब्दील हो गया है. 3 साल से दिल्ली और आसपास के राज्यों ने प्रदूषण से लड़ने की तमाम कसमें खाईं. केंद्र की सरकार हो या राज्य सरकारें. सबने ऐसा दिखाया कि जैसे प्रदूषण से लड़ना उनकी प्राथमिकता में है. मगर हालात सामने आए तो दावे धुआं बनकर सांस के लिए संकट बन गए.