जयपुर के भीषण हादसे का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है. सीसीटीवी में नजर आ रहा है कि एलपीजी का ट्रक यूटर्न ले रहा है. इस दौरान पीछे से एक ट्रक आता है, जो एलपीजी ट्रक को टक्कर मार देता है. टक्कर के कारण एलपीजी के ट्रक का नोजल टूट जाता है और गैस का रिसाव होने लगता है. गैस रिसने के कुछ सेकंड बाद ही ब्लास्ट हो जाता है और हर तरफ आग ही आग नजर आती है.
दरअसल, राजस्थान के जयपुर में आज (20 दिसंबर) सुबह-सुबह 6 बजे एक भीषण सड़क हदसा हुआ. यहां एक ट्रक दूसरे एलपीजी ट्रक में जाकर टकरा गया. इस टक्कर के बाद एलपीजी ट्रक में आग लग गई और जोरदार ब्लास्ट हुआ. ब्लास्ट के बाद आसपास खड़ी करीब 40 गाड़ियां भी आग की चपेट में आ गईं. आग इतनी भयावह थी कि झुलसने के कारण मौके पर ही 5 लोगों की जलकर मौत हो गई.
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हादसे में 40 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हो गए और इनमें से 3 लोगों की बाद में इलाज के दौरान और मौत हो गई. इस घटना में अब तक 9 लोगों की जान जा चुकी है. 35 से ज्यादा घायलों का अस्पताल में इलाज चल रहा है. इसमें से 50 फीसदी से ज्यादा ऐसे हैं, जिनका शरीर हादसे में 50 प्रतिशत से भी ज्यादा झुलस गया है. इसलिए आशंका है कि मृतकों का आंकड़ा बढ़ भी सकता है. हादसे की चपेट में आने वाली गाड़ियां जलकर पूरी तरह खाक हो चुकी हैं. हादसे में घायल लोगों का इलाज जयपुर के सवाई मान सिंह (SMS) अस्पताल में चल रहा है. राजस्थान के मुख्यमंत्री से लेकर देश के गृहमंत्री तक इस हादसे पर दुख जता चुके हैं.
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हादसा और भी भयावह रूप ले सकता था. क्योंकि जिस जगह पर ये दुर्घटना हुई उसके पास ही एक स्कूल भी था. दुर्घटना के बाद सुरक्षा के लिहाज से आस-पास का रास्ता डायवर्ट कर दिया गया था. राजस्थान के मंत्री गजेंद्र सिंह खिमसर ने हादसे पर बात करते हुए बताया कि अस्पताल में और बेड लगाए जा रहे हैं, ताकि सभी घायलों को इलाज मिल सके. 35 घायलों में से 50 फीसदी कम से कम 50 परसेंट तक जल चुके हैं.
क्या मेनमैड है हादसा? उठे सवाल
इलाके के लोगों का कहना है कि आज का जयपुर का हादसा मैनमेड कहा जा सकता है. जहां पर ये एक्सीडेंट हुआ है, वहां पर नेशनल हाईवे दिल्ली अजमेर पर यू टर्न लेने की मजबूरी सरकारों की लापरवाही का नतीजा है. वसुंधरा सरकार में रिंग रोड बनी मगर गहलोत सरकार में भी उपर चढ़ने के लिए पुलिया के पीलर बस खड़े हैं. भजनलाल सरकार आ गई मगर पुलिया अधूरी पड़ी है. किसी ने उसे पूरा करने की जहमत नहीं उठाई. जिसे भी आगरा-कोटा जाना होता है, वो रिंग रोड पर चढ़ने के लिए यहां से यू टर्न लेता है. इससे आए दिन हादसे होते हैं, मगर आज बड़ा हादसा हो गया.