राजस्थान विधानसभा सदन में कांग्रेस विधायक श्रवण कुमार के बयान पर हंगामा हो गया. कांग्रेस नेता के बयान को आपत्तिजनक बताते हुए भाजपा विधायक बाबा बालकनाथ माफी की मांग की. इसके बाद भाजपा के अन्य नेता भी बाबा बालकनाथ के साथ कांग्रेस की नेता से माफी की मांग पर अड़ गए. वहीं, हांगामें को देखते हुए स्पीकर ने सदन का कार्यवाही को स्थगित कर दिया.
दरअसल, बुधवार को कांग्रेस विधायक श्रवण कुमार बजट अनुदान मांगों पर बोलते हुए कहा कि इस देश का सबसे ज्यादा भट्ठा अगर किसी ने बैठाया है तो बाबाओं ने बैठाया है... आसाराम, राम रहीम जेल में पड़े ही हैं... इस पर सदन में मौजूद बाबा बालक नाथ ने नाराजगी जताई तो श्रवण सिंह ने कहा आप नाराज मत हो बाबा गुस्सा नहीं होते... विधानसभा अध्यक्ष ने श्रवण सिंह के बाबाओं को लेकर की गई टिप्पणी को कार्यवाही से हटा दिया है.
इस पर उन्हें रोकते हुए भाजपा विधायक बाबा बालकनाथ ने कहा कि ये जो अमेरिका या जर्सी गाय है. उसे कांग्रेस लेकर आई थी. इस पर कांग्रेस नेता ने कहा कि ये बाबाओं को कौन लेकर आया. उन्होंने आगे कहा कि मैं दो-चार मिनट और लूंगा, महरबानी करके बैठ जाओं. चार ओर बाबा ही बाबा हैं.
बाबा बालकनाथ ने किया विरोध
भाजपा विधायक बाबा बालकनाथ ने कहा है कि कांग्रेस का ये बयान सनातन को लेकर उनकी मानसिकता को दिखाता है. कांग्रेस सनातन और हिंदू विरोधी है. विधायक श्रवण ने संत परंपरा को अपमानित किया.
स्पीकर ने भी जताया ऐतराज
कांग्रेस नेता की टिप्पणी के बाद स्पीकर वासुदेव देवनानी ने उन्हें चेतावनी देते हुए कहा कि कोई भी सदस्य साधु संतों पर विवादित टिप्पणी न करे, नहीं तो मैं कार्यवाही करूंगा. इसके बाद कांग्रेस के एक वरिष्ठ विधायक ने श्रवण कुमार के बयान को सदन की कार्यवाही से हटाने की मांग की और बयान पर दुख जताया.
वहीं, बीजेपी नेता श्रवण कुमार के आपत्तिजनक बयान पर माफी की मांग को लेकर अड़ गए और सदन में हंगामा शुरू कर दिया. वहीं, हंगामे को देखते हुए स्पीकर ने सदन की कार्यवाही को स्थगित कर दिया.