राजस्थान के उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल की नृशंस हत्या का एक आरोपी मोहम्मद रियाज अत्तारी भीलवाड़ा जिले के आसीन्द का रहने वाला है. साल 2001 में पिता मोहम्मद जब्बार लुहार की मौत के बाद वह उदयपुर जाकर बस गया था. रियाज कुल 9 भाई हैं और एक बहन है. तीन भाइयों की मौत हो चुकी है. रियाज अपने परिवार से इतना कट चुका कि एक भाई की मौत पर भी घर भी नहीं आया था.
दरअसल, हत्या के आरोपी रियाज के पिता अब्दुल जब्बार मूलरूप से जैसलमेर जिले के भाटी लुहार थे. जो वेल्डिंग और लोहे से जुड़ा काम करते थे. जैसलमेर से आकर उनका परिवार आसीन्द (भीलवाड़ा) और विजयनगर (अजमेर) में बस गया था. अभी भी इसके परिवार के लोग वेल्डिंग का ही कार्य करते हैं.
रियाज के भाइयों अब्दुल, इकराम, सरफुद्दीन और सिकंदर का परिवार आसीन्द कस्बे में रहता है. जबकि दो भाई इकबाल और यूसुफ की मौत हो चुकी है जबकि दो भाई सिराज और इस्लाम अजमेर जिले के विजयनगर में रहते हैं. विजयनगर में रहने वाले एक और भाई कय्यूम की भी मौत हो चुकी है.
आसीन्द में रहने वाले अब्दुल अय्यूब लुहार ने बताया, ''रियाज हमारा 10वें नंबर का भाई है. हमारे पिता जब्बार की मौत के बाद वह साल 2001 में उदयपुर चला गया था और फिर वहीं रहने लग गया था. उसने उदयपुर में ही शादी रचा ली थी. रियाज क्या काम करता है? मुझे मालूम नहीं, क्योंकि उससे हमारा 20-22 साल से कोई कनेक्शन नहीं है.''
आरोपी रियाज के भतीजे नासिर ने भी बताया कि घर छोड़ने के बाद से चाचा कभी आसीन्द नहीं आते थे. उन्होंने अपने भाइयों से संबंध तक रखने बंद कर दिए थे. यहां तक कि मेरे पिता इकबाल मोहम्मद के इंतकाल पर भी वह नहीं आए थे.
एक और भतीजे ने कहा कि चाचा रियाज के कृत्य से हमारे परिवार की भीलवाड़ा में बदनामी हुई है. हमारे मोहल्ले में हिंदू भी रहते हैं. मुसलमानों के तो सिर्फ चार-पांच घर ही हैं. हमें कभी कोई दिक्कत नहीं हुई. अपने चाचा के इस अपराध पर शर्मिंदा हैं. उनको कानून के अनुसार सजा मिलनी चाहिए. इस हत्याकाण्ड से हमारे यहां का भाईचारा बिगड़ा है. उधर, भीलवाड़ा पुलिस ने सतर्कता बढ़ाते हुए आसीन्द कस्बे में पुलिस बल तैनात कर रियाज के घर पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है.
बता दें कि उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल की हत्या करने वाले मोहम्मद रियाज अत्तारी उदयपुर के किशन पोल इलाके में किराए से रहता था. वह मस्जिदों की खिदमत का काम करता था. वहीं, इस हत्याकांड में शामिल दूसरा आरोपी गौस मोहम्मद राजसमंद के भीम इलाके का रहने वाला था और उदयपुर के खांजीपीर इलाके में निवासरत था.
(भीलवाड़ा के आसीन्द से प्रमोद तिवारी की रिपोर्ट)