वास्तु शास्त्र (Vastu Shastra) में विभिन्न पेड़-पौधों का एक अलग ही महत्व होता है. तुलसी (Tulsi) के पौधे को वास्तु दोष खत्म करने वाला माना जाता है. तुलसी को ना सिर्फ देवतुल्य पौधा माना जाता है बल्कि औषधीय रूप में भी स्वीकार किया जाता है. वास्तु के मुताबिक तुलसी के पौधे से घर में सकारात्मक ऊर्जा पैदा होती है और नकारात्मक ऊर्जा नष्ट हो जाती है.
विष्णु पूजा में तुलसी सबसे महत्वपूर्ण मानी जाती है. घर में तुलसी का पौधा उस जगह जरूर रखना चाहिए जहां वास्तु दोष हो. शनि और मंगल के प्रभाव को दूर करने वाला मुख्य पौधा तुलसी ही माना जाता है. घर के मुख्यद्वार यानी ईशान कोण की ओर तुलसी का पौधा रखना शुभ होता है.
आइए वास्तु के अनुसार जानते हैं तुलसी का पौधा कहां और कैसे रखें...
> घर के ईशान कोण में तुलसी का पौधा रखें और सुबह-शाम जल अर्पित करें. इसके साथ ही शाम के समय तुलसी के पौधे में तिल के तेल का दीपक जलाएं. इसके बाद 'ओम नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का जाप करें. ऐसा करने से घर की धन संबंधित परेशानियां दूर होंगी. घर में पैसे की बचत और बरकत रहेगी. धन आगमन के रास्ते खुलने के साथ आर्थिक संपूर्णता प्राप्त होगी.
> घर में कलह-क्लेश ज्यादा हो रहा हो तो घर के पूर्व या उत्तर दिशा में तुलसी का पौधा लगाएं. नियमित रूप से तुलसी के पौधे की पूजा करें. इससे घर के सदस्यों में आत्मविश्वास बढ़ेगा और एक-दूसरे के प्रति सम्मान की भावना उभरेगी.
> कई बार घर के निर्माण के समय दिशा संबंधित वास्तु दोष हो जाता है और घर बदलना संभव नहीं होता. ऐसे में घर के वास्तु दोष दूर करने के लिए घर की छत पर तुलसी का पौधा गमले में लगाएं.
>किसी भी प्रकार के वास्तु दोष से बचने के लिए घर के ईशान कोण में पांच तुलसी के पौधे अलग-अलग गमलों में लगाएं. नियमित रूप से तुलसी की देखभाल करते रहने से भी लाभ प्राप्त होता है.