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Ashtami Navami 2024: नवरात्रि की अष्टमी-नवमी पर करें ये उपाय, मिलेगा मनचाहे विवाह का वरदान

Ashtami Navami 2024: नवरात्रि में अष्टमी और नवमी पूजा का विशेष महत्व है. इन दोनों दिन कन्या पूजन का विधान है. अष्टमी-नवमी को महा अष्टमी, दुर्गाष्टमी और महा नवमी पूजा के नाम से जाना है.

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मां दुर्गा
मां दुर्गा

Ashtami Navami 2024: शारदीय नवरात्रि अब समापन है और आज नवरात्रि महत्वपूर्ण तिथि अष्टमी और नवमी है. नवरात्रि में अष्टमी और नवमी पूजा का विशेष महत्व है. इन दोनों दिन कन्या पूजन का विधान है. अष्टमी-नवमी को महा अष्टमी, दुर्गाष्टमी और महा नवमी पूजा के नाम से जाना है. ज्योतिषियों की मानें तो, शारदीय नवरात्रि की अष्टमी और नवमी पर कुछ खास उपाय करने चाहिए. 

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1. इस दिन आप अगर कन्या पूजन कर रहे हैं तो घर आई कन्याओं को भोजन करने के पश्चात लाल चुनरी अवश्य भेंट करें. 

2. इस दिन मां दुर्गा को लौंग और लाल फूल अर्पित करें. इससे जीवन के कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूरी होती हैं.

3. अगर आपके घर में नकारात्मक बढ़ गई है तो कपूर से मां महागौरी और मां सिद्धिदात्री की पूजा करें. 

4. जीवन में धन्य धान्य और बरकत के लिए गुलाब के फूल में कपूर जलाकर मां दुर्गा को अर्पित करें. 

5. घर में सुख शांति का वास हो इसके लिए नवरात्रि की अष्टमी और नवमी तिथि के दिन तुलसी के पौधे के पास 9 दीपक जलाएं और फिर उस पौधे की परिक्रमा करें. 

6. दुर्गा मंदिर में जाकर दुर्गा सप्तशती का पाठ करें. इससे आपके जीवन में सुख समृद्धि और यश की प्राप्ति होगी. 

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7. अष्टमी और नवमी तिथि के दिन योग और ध्यान करने से परम सुख की प्राप्ति होती है. 

महा अष्टमी और महानवमी पूजन विधि

महा अष्टमी और महानवमी की तिथि पर कन्या पूजन करते हैं. शास्त्रों के मुताबिक नवरात्रि की अष्टमी तिथि पर भोजन करने से पूर्व एक दिन पहले कन्याओं को उनके घर जाकर सम्मानपूर्वक निमंत्रण दें. जब कन्याएं भोजन के लिए आएं तो घर में प्रवेश से पहले ही उनका पुष्प वर्षा के साथ स्वागत करें और माता के सभी नामों के जयकारे लगाएं. फिर, कन्याओं को आरामदायक और साफ जगह पर बिठा कर इनके पैर अपने हाथों से धोएं.

उनके माथे पर अक्षत, फूल और कुमकुम लगाएं. फिर मां भगवती का ध्यान करते हुए इन देवी रूपी कन्याओं को भोजन कराएं. भोजन के बाद कन्याओं के हाथ और पांव वापस से धोएं. पैर धोकर इनका आशीर्वाद लें और अपने सामर्थ्य के अनुसार उन्हें कुछ दक्षिणा और उपहार अवश्य दें. 

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