अमेरिका के कैलिफोर्निया प्रांत में चिपमंक्स (Chipmunks) नामक जीवों को प्लेग (Plague) बीमारी से पॉजिटिव पाया गया है. चिपमंक्स एक प्रकार की छोटी गिलहरियां होती हैं. इसके बाद कैलिफोर्निया राज्य की सरकार ने और स्थानीय प्रशासन ने कुछ इलाकों को बंद करने का फैसला किया है, ताकि इंसानों का आना-जाना उन इलाकों में न हो. इसमें प्रसिद्ध पर्यटन स्थल साउथ लेक ताहो, कीवा बीच और टेलर क्रीक शामिल हैं. (फोटोः गेटी)
हाल ही में एक रूटीन जांच प्रक्रिया के दौरान साउथ लेक ताहो (South Lake Tahoe) में चूहे, गिलहरियों और अन्य चूहे जैसी प्रजातियों के जीवों की जांच की गई. जिसकी रिपोर्ट स्थानीय अखबारों और मीडिया संस्थानों में प्रकाशित हुई है. इन रिपोर्ट्स के अनुसार 6 अगस्त से साउथ लेक ताहो, कीवा बीच और टेलर क्रीक इलाकों को आम लोगों के लिए बंद कर दिया जाएगा. द ताहो डेली ट्रिब्यून के मुताबिक अब तक चिपमंक्स (Chipmunks) के संपर्क में किसी इंसान के आने का या प्लेग का कोई केस सामने नहीं आया है. (फोटोः गेटी)
कैलिफोर्निया डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ के मुताबिक कैलिफोर्निया के कुछ इलाकों में प्लेग फैलाने वाला बैक्टीरियम यर्सिनिया पेस्टिस (Yersinia Pestis) आमतौर पर पाया जाता है. इसमें एल डोराडो काउंटी का साउथ लेक ताहो इलाका प्रमुख है. पिछली साल साउथ लेक ताहो इलाके में एक शख्स को प्लेग का संक्रमण हुआ था. यह पिछले पांच सालों में सामने आने वाला पहला केस था. (फोटोः गेटी)
साल 1300 में प्लेग (Plague) की वजह से यूरोप में ब्लैक डेथ (Black Death) संक्रमण फैला था. आज के समय में भी प्लेग होता है लेकिन बहुत कम मामले सामने आते हैं. क्योंकि आज के समय में प्लेग का इलाज मौजूद है. सीडीसी (CDC) के मुताबिक अमेरिका में हर साल प्लेग के करीब सात मामले आते हैं. सबसे ज्यादा मामले न्यू मेक्सिको, उत्तरी एरिजोना, दक्षिणी कोलोराडो, कैलिफोर्निया, दक्षिणी ओरेगॉन और पश्चिमी नेवादा के सुदूर इलाकों में देखने को मिलते हैं. (फोटोः गेटी)
सीडीसी के मुताबिक 1990 से अब तक सबसे ज्यादा प्लेग के मामले अफ्रीका में देखने को मिले हैं. यह बीमारी रोडेंट्स यानी चूहों जैसे जीवों से फैलती है. खास तौर से चूहे, गिलहरियां, चिपमंक्स और उनके आसपास उड़ने वाली मक्खियों से. इंसानों में प्लेग का संक्रमण इन जीवों के पास घूमने वाली मक्खियों के काटने से होता है. या फिर आप इन चूहों, गिलहरियों के शरीर के टिश्यू या शरीर से निकलने वाले तरल पदार्थों के संपर्क में आए हों. (फोटोः गेटी)
कैलिफोर्निया के अधिकारियों ने कहा है कि जिन जगहों से प्लेग संक्रमण होने का डर है, वहां पर लोगों को जाने से रोकने का आदेश जारी किया जा चुका है,. 6 अगस्त से इन इलाकों में लोगों को आने-जाने से मनाही होगी. एल डोराडो काउंटी के पब्लिक हेल्थ ऑफिसर डॉ. बॉब हार्टमैन ने कहा कि लोगों से अपील की गई है कि पिकनिक स्थलों, कैंपग्राउंड एरिया जैसे इलाकों में गिलहरियों, चूहों और चिपमंक्स को खाना न खिलाएं. या फिर बीमार या मरे हुए इन जीवों को न छुएं. (फोटोः गेटी)
The disease is spread by rodents, including squirrels, rats and chipmunks, and their fleas, according to the @CDCgov https://t.co/WJzPzWmwVT
— Live Science (@LiveScience) August 3, 2021
डॉ. बॉब ने बताया कि लोगों से यह अपील भी की गई है कि वो अपने पालतू जानवरों को इन चूहों, गिलहरियों और चिपमंक्स से दूर रखने का प्रयास करें. चूहों को पकड़ने के यंत्र लगाएं. लंबे पैंट्स पहने. कीड़ों और मक्खियों को मारने वाले स्प्रे का उपयोग करें. साथ ही ऐसे स्थानों से दूर रहें जहां आपको इन जीवों के होने या उनके आसपास घूमने वाली मक्खियों के होने का अंदेशा हो. (फोटोः गेटी)
कैलिफोर्निया के स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय प्रशासन ने फैसला लिया है कि अब वो अन्य इलाकों में भी इन जीवों को लेकर सर्वे करेंगे. ताकि पूरे राज्य में प्लेग की स्थिति का आंकलन किया जा सके. साथ ही कोरोना काल में दूसरी बीमारी फैलने से दिक्कत होगी, इसलिए अमेरिकी सरकार हर तरह की अन्य बीमारियों को फैलने से रोकना चाहती है. (फोटोः गेटी)
प्लेग (Plague) बीमारी आज के समय में बहुत कम लोगों को संक्रमित करती है. यह एक संक्रामक बीमारी है. इसमें बुखार, कमजोरी और सिर दर्द होता है. अगर संक्रमण हो भी जाए तो इससे मरने का खतरा सिर्फ 10 फीसदी ही होता है. आमतौर पर इस समय दुनिया भर में हर साल करीब 600 प्लेग के मामले सामने आते हैं. (फोटोःगेटी)
प्लेग (Plague) बीमारी के बैक्टीरिया और इससे संक्रमित जीवों को पहले के समय में जैविक हथियार के रूप में भी उपयोग किया जाता है. चीन और मध्यकालीन यूरोप में ऐसी पुराने दस्तावेज मौजूद हैं, जिसमें प्लेग से संक्रमित होकर मारे गए जीवों की लाशों को बतौर बायो वेपन उपयोग किया जाता था. इसका सबसे ज्यादा उपयोग हुन्स, मंगोल, तुर्क करते थे. (फोटोःगेटी)