अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) के लैंडर मार्स इनसाइट (Mars InSight) ने मंगल ग्रह पर दो भूकंप के झटके महसूस किए हैं. इसी जगह पर पहले भी दो झटके आए थे. इनसाइट ने मंगल ग्रह पर पहुंचने के बाद से अब तक 500 से ज्यादा भूकंप के झटकों को रिकॉर्ड किया है. यानी भूकंप सिर्फ धरती पर ही नहीं आते. मंगल ग्रह पर भी आते हैं. (फोटोः NASA)
जैसे धरती पर आने वाले भूकंप को अर्थक्वेक (Earthquake) कहते हैं, वैसे ही मंगल पर आने वाले भूकंप को मार्सक्वेक (Marsquake) कहते हैं. साल 2019 में मार्स इनसाइट की टीम ने पहली बार दुनिया को बताया था कि मंगल ग्रह पर भी भूकंप आते हैं. हालांकि ये भूकंप धरती के भूकंप से थोड़े अलग होते हैं, ये किस प्रकार के होते हैं ये अब भी रहस्य ही है. (फोटोः NASA)
The @NASAInSight lander has detected two strong, clear quakes with magnitudes of 3.3 and 3.1. InSight has recorded over 500 quakes to date, but because of their clear signals, these are some of the best quake records for probing the interior of the planet. https://t.co/sAQ5at0PIj
— Kathy Lueders (@KathyLueders) April 4, 2021
मार्स इनसाइट (Mars InSight) ने 7 मार्च को भूकंप के दो झटके रिकॉर्ड किए. एक 3.6 और दूसरी 3.5 तीव्रता का था. इसके बाद 18 मार्च को फिर दो झटके आए. एक 3.3 और दूसरा 3.1 तीव्रता का था. इनसाइट के मंगल ग्रह पर पहुंचने के बाद से अब तक ये सबसे स्पष्ट तौर पर रिकॉर्ड किए गए भूकंप हैं. क्योंकि भूकंप तो आते हैं लेकिन उनकी जांच नहीं हो पाती. क्योंकि पूरे मंगल ग्रह पर एक इनसाइट है जो सतह की कंपकंपी को नापता है. (फोटोः NASA)
पेरिस स्थित फ्रांस इंस्टीट्यूट ऑफ फिजिक्स के साइंटिस्ट ताइची कावामुरा कहते हैं कि 18 मार्च को जो दो झटके महसूस किए गए. उनमें से एक चांद पर आने वाले भूकंप की तरह था, जबकि, दूसरा धरती पर आने वाले भूकंप की तरह था. ये सारे भूकंप सेरबेरस फोसे (Cerberus Fossae) इलाके में आए हैं. धरती की तरह आने वाले भूकंप की लहर पूरे ग्रह पर दौड़ती है. जबकि चांद पर आने वाले भूकंप छितराए हुए होते हैं. वो किसी एक इलाके में आते हैं फिर शांत हो जाते हैं. उनकी कोई लहर नहीं दौड़ती. (फोटोः NASA)
In the last several weeks, listening for the heartbeat of Mars has revealed two strong, clear quakes from a region where I've felt them before: Cerberus Fossae. These two were magnitude 3.3 and 3.1. So far, I’ve recorded more than 500 marsquakes.
— NASA InSight (@NASAInSight) April 1, 2021
Read: https://t.co/WKGCVQ1Ro9 pic.twitter.com/K0FC7r3ATz
मार्स इनसाइट (Mars Insight) का एक ही काम है, वह है मंगल की सतह और गर्भ में आने वाले भूकंपों की जानकारी देना. नवबंर 2018 के बाद से ये लगातार सिर्फ मंगल ग्रह पर आ रहे भूकंपों की जानकारी जमा करके नासा को भेज रहा है. जब पर्सिवरेंस मार्स रोवर मंगल की सतह पर उतर रहा था, तब भी इनसाइट नासा और पर्सिवरेंस दोनों को ये बता रहा था कि उसकी लैंडिंग साइट पर कोई भूकंप तो नहीं आने वाला. (फोटोः NASA)
धरती पर भूकंप को मापने के लिए हजारों केंद्र बनाए गए हैं. मंगल ग्रह पर तो एक ही केंद्र हैं. जिसे मार्स इनसाइट कहते हैं. इसलिए वहां पर भूकंप का पता करना ज्यादा कठिन है. हाल ही में इनसाइट ने मंगल पर अपना पहला जन्मदिन मनाया है. वह भी पूरे दो साल बाद क्योंकि मंगल का एक दिन धरती के दो दिन के बराबर होता है. यानी करीब 687 धरती के दिन. (फोटोः NASA)
I’m getting ready for one of my next activities: burying the tether that runs out to my seismometer. I’ve done some test scrapes, and soon I’ll start scooping material to begin covering it. pic.twitter.com/ZDJ9GrRup8
— NASA InSight (@NASAInSight) March 4, 2021