फिलिपींस के दरागा इलाके में मौजूद मेयोन ज्वालामुखी दो दिन से लगातार लावा उगल रहा है. 8077 फीट ऊंचे इस पहाड़ की नाक से जहरीली गैसें और गर्म लावा का बहाव हो रहा है. इसलिए आसपास रहने वाले 14 हजार लोगों को विस्थापित कर दिया गया है. अभी ये लोग कुछ महीनों के लिए अपने घरों से दूर ही रहेंगे.
अधिकारियों ने मंगलवार को चेतावनी दी है कि अभी ये लोग कुछ महीनों तक अपने घरों से बाहर सेफ हाउस में ही रहेंगे. पिछले सप्ताह भूकंप के झटकों और सैकड़ों चट्टान गिरने की घटनाओं के बाद हाई अलर्ट जारी कर दिया गया. वैज्ञानिकों का मानना है कि यह ज्वालामुखीय गतिविधि कुछ महीनों तक बनी रह सकती है.
ज्वालामुखी एवं भूकंप विज्ञान एजेंसी के प्रमुख टेरेसिटो बाकोलकोल ने बताया कि वहां पर रहने वाले लोग आमतौर पर 6 किमी के दायरे में रहते हैं. आपदा एजेंसी के आंकड़ों से पता चलता है कि लगभग 14,000 लोगों को वहां ले निकाला गया है. वे स्कूलों और कम्यूनिटी सेंटर में शरण ले रहे हैं.
वहा पर शरण लेने वाले लोगों के लिए अधिक भोजन और पीने के पानी की जरुरत है. अधिकारियों ने कहा ज्वालामुखी से और दूर रहने वाले लोगों को भी संभावित निकासी के लिए तैयार रहना चाहिए. साथ ही पुलिस ने लोगों को उनके घरों तक लौटने से रोकने के लिए चौकियां स्थापित कर दी हैं.
मेयोन उलटे आइसक्रीम कोन के आकार का है. इसलिए यह जगह पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र है. लोग तब भी बहते लावा को देखने के लिए व्यू प्वाइंट्स पर आ रहे हैं. ज्वालामुखी से बहता लावा रात में चमकता दिखाई दे रहा है. मेयोन फिलीपींस के 24 ज्वालामुखियों में सबसे सक्रिय है, जो पिछले चार साल में 50 से अधिक बार फट चुका है.
इसका सबसे विनाशकारी विस्फोट फरवरी 1841 में हुआ था. इसके लावा में पूरा एक शहर दब गया था. फिलिपींस प्रशांत महासागर में रिंग ऑफ फायर नाम के इलाके में बसा है. जहां पर ज्वालामुखीयों का फटना और भूकंप आना सबसे आम बात है.