IND vs AUS Five Controversies: ऑस्ट्रेलियाई टीम ने बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के तहत खेली गई 5 मैचों की घरेलू टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम को 3-1 से करारी शिकस्त दी है. सीरीज का पांचवां यानी आखिरी टेस्ट सिडनी में खेला गया, जिसके तीसरे दिन (5 जनवरी) ही ऑस्ट्रेलिया ने 6 विकेट से जीत दर्ज कर सीरीज अपने नाम कर ली.
इस पूरी सीरीज में खेल के साथ-साथ विवाद भी काफी चर्चाओं में रहे हैं. चाहे वो मोहम्मद सिराज और ट्रेविस हेड का आपस में भिड़ना हो, या फिर 19 साल के कंगारू प्लेयर सैम कोंस्टास का विराट कोहली से पंगा लेना हो.
इन सबके बीच भारतीय ओपनर यशस्वी जायसवाल का भी कैच आउट काफी विवादास्पद रहा है. इस दौरान तो DRS (डिसीजन रिव्यू सिस्टम) और थर्ड अंपायर तक को आलोचनाओं का शिकार होना पड़ा. आइए जानते हैं भारत-ऑस्ट्रेलिया सीरीज में माहौल गर्म करने वाले 5 विवादों के बारे में...
'कोहली को बाहर कर देना चाहिए...', सीरीज हार के बाद पूर्व क्रिकेटर का बयान
सिराज Vs हेड
इस सीरीज का पहला और बड़ा विवाद एडिलेड टेस्ट से ही शुरू हो गया था. सीरीज के इस दूसरे ही टेस्ट में भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज और ट्रेविस हेड आमने-सामने आ गए थे. इस पिंक बॉल टेस्ट में सिराज और हेड के बीच नोकझोंक देखने को मिली थी.
पहली पारी में ट्रेविस हेड को आउट करने के बाद सिराज ने उन्हें गुस्से में आंखें दिखाई और पवेलियन लौटने का इशारा किया था. हेड ने भी पवेलियन लौटते समय सिराज से कुछ कहा था. इसका वीडियो भी जमकर वायरल हुआ. तब ICC ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए सिराज को सजा भी दी थी.
तब ICC ने मोहम्मद सिराज पर मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना लगाया था. जबकि आईसीसी ने ट्रेविस हेड पर कोई जुर्माना नहीं लगाया और उन्हें यूं ही छोड़ दिया. हालांकि आईसीसी ने सिराज और हेड दोनों को 1-1 डिमेरिट पॉइंट दिया.
कोंस्टास Vs कोहली
सीरीज का दूसरा बड़ा विवाद मेलबर्न टेस्ट में देखने को मिला था, जब 19 साल के ऑस्ट्रेलियाई ओपनर सैम कोंस्टास और विराट कोहली के बीच पंगा हुआ. यह पूरा वाकया मैच के पहले दिन ऑस्ट्रेलियाई पारी के 10वें और 11वें ओवर के दौरान दौरान हुआ. तब ब्रेक के समय विराट कोहली ने पास से गुजरते समय सैम कोंस्टास को कंधा मारा था.
इस दौरान कोंस्टास को यह बिल्कुल भी पसंद नहीं आया और उन्होंने कोहली से कुछ कहा. इस मामले में ICC ने एक्शन लेते हुए कोहली पर मैच फीस का 20% जुर्माना लगाया गया और एक डिमेरिट अंक दिया. इसी मामले में ऑस्ट्रेलियाई मीडिया भी कूद पड़ा. ऑस्ट्रेलियाई अखबारों में विराट कोहली पर निशाना साधा गया है.
'द वेस्ट ऑस्ट्रेलियन' अखबार ने कोहली के लिए 'जोकर' (Clown) शब्द का इस्तेमाल किया. इस अखबार ने हेडिंग लगाई- Clown Kohli. 'द वेस्ट ऑस्ट्रेलियन' अखबार ने कोहली को 'Sook' (रोनेवाला या कायर) भी बताया.
यशस्वी का कैच आउट, DRS विवाद
सीरीज के चौथे यानी मेलबर्न टेस्ट में ही आखिरी दिन तीसरा विवाद सामने आया. मैच में 340 रनों के टारगेट का पीछा करते हुए भारतीय ओपनर यशस्वी जायसवाल ने 208 गेंदों का सामना करते हुए 84 रन बनाए. यशस्वी को पैट कमिंस ने विकेटकीपर एलेक्स कैरी के हाथों कैच आउट कराया. यहां यशस्वी काफी अनलकी रहे.
दरअसल, अपील के बाद फील्ड अंपायर ने यशस्वी को आउट नहीं दिया तो ऑस्ट्रेलियाई टीम ने DRS लिया. इस पर थर्ड अंपायर शारफुद्दौला सैकत (बांग्लादेश) ने फैसले को पलट दिया. रीप्ले में स्निको मीटर पर कोई स्पाइक नहीं दिखा, लेकिन डिफ्लेक्शन के आधार पर सैकत ने OUT करार दिया.
अब सवाल ये है कि जब तीसरे अंपायर पूरी तरह से आश्वस्त नहीं थे, तो ऑनफील्ड अंपायर के साथ जाना चाहिए था. तीसरे अंपायर के फैसले से सुनील गावस्कर काफी नाराज दिखे. गावस्कर ने कहा यदि टेक्नोलॉजी का इस्मेताल करना है तो इस तरह के फैसले क्यों दिए जाते हैं. इस तरह इस मामले में जमकर बवाल हुआ.
कोंस्टास Vs बुमराह
आखिरी यानी सिडनी टेस्ट के पहले दिन (3 जनवरी) एक बवाल देखने को मिला. यह सीरीज का चौथा विवाद रहा, जिसमें सैम कोंस्टास और जसप्रीत बुमराह के बीच तनातनी देखने को मिली. कोंस्टास ऑस्ट्रेलियाई पारी के तीसरे ओवर में बुमराह से भिड़ गए. उस ओवर में जब बुमराह पांचवीं गेंद की तैयारी कर रहे थे, तो अंपायर ने उन्हें रोक दिया क्योंकि उस्मान ख्वाजा को कुछ दिक्कत थी.
भारतीय कप्तान को उस्मान ख्वाजा का यह रवैया बिल्कुल भी पसंद नहीं आया और वो काफी नाराज दिखे. फिर बुमराह जब बॉलिंग मार्क पर वापस जा रहे थे, तो कोंस्टास उनसे बेवजह भिड़ गए. हालांकि बुमराह के साथ बहस करना एक तरह से कोंस्टास को भारी पड़ गया. कोंस्टास तो पहले दिन आउट नहीं हुए, लेकिन उस वाकये के एक गेंद बाद ही बुमराह ने उस्मान ख्वाजा को आउट कर दिया.
गावस्कर को किया नजरअंदाज
सीरीज खत्म होने और ऑस्ट्रेलिया के ट्रॉफी जीतने के बाद भी विवाद थमा नहीं. बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी जितने के तुरंत बाद ही क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (CA) ने एक बड़े विवाद को जन्म दिया. उन्होंने विजेता कप्तान को ट्रॉफी सौंपने के लिए प्रेजेंटेशन सेरेमनी में अकेले एलन बॉर्डर को बुलाया, जबकि लीजेंड सुनील गावस्कर को नजरअंदाज कर दिया.
यह तब हुआ, जब गावस्कर मैदान पर ही मौजूद थे. इस ट्रॉफी का नाम सुनील गावस्कर और ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज एलन बॉर्डर के नाम पर रखा गया है. सेरेमनी के दौरान अकेले बॉर्डर को बुलाया गया और उन्होंने ही यह ट्रॉफी विजेता कप्तान पैट कमिंस को सौंपी. नजरअंदाज किए जाने पर गावस्कर नाराज दिखे और उन्होंने कहा कि वो एक भारतीय हैं इसलिए उनके साथ ऐसा किया गया.